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न्यूयार्क टाइम्ज की खरी खरीः अमरीकी सेना, सऊदी अरब की पालतू नहीं ! ईरान से युद्ध भयानक सपना!
Sep १९, २०१९ १४:४४ईरान की फार्स न्यूज़ एजेन्सी ने अमरीकी समाचार पत्र न्यूयॉर्क टाइम्ज़ में छपे एक लेख के कुछ हिस्सों को संक्षेप में पेश किया है जो पढ़ने योग्य है।
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हसन नसरुल्लाह के बेटे से बातचीत... जवान बेटे हादी की शहादत पर क्या रही नसरुल्लाह की प्रतिक्रिया?
Sep १९, २०१९ १२:२७लेबनान के हिज़्बुल्लाह आंदोलन के महासचिव सैयद हसन नसरुल्लाह को साहस व बहादुरी के लिए भी जाना जाता है। उनकी सच्चाई और साहस को इस्राईली भी स्वीकार करते हैं। उनके 18 साल के बेटे सैयद हादी की शहादत पर उनके दूसरे बेटे ने अलअहद से चर्चा की है।
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क्या वाक़ई आरामको हमले का इंतेक़ाम लेने के लिए ईरान के तेल प्रतिष्ठान पर हमला करेगा अमरीका? यह हुआ तो ईरान की जवाबी कार्यवाही क्या होगी? पुतीन ने मौक़ा देखकर सऊदी अरब के सामने पेश कर दिया एस-400 सिस्टम
Sep १९, २०१९ ०४:०९अरब जगत के विख्यात टीकाकार अब्दुल बारी अतवान का जायज़ा। सऊदी अरब के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता तुर्की अलमालेकी आकर प्रेस कान्फ़्रेन्स करते हैं जिसमें वह ड्रोन विमानों और बैलिस्टिक मिसाइलों के टुकड़े दिखाते हुए यह साबित करने की कोशिश करते हैं कि बक़ैक़ और ख़रैस में स्थित दुनिया सके सबसे बड़े तेल प्रतिष्ठानों पर होने वाले हमले में इस्लामी गणतंत्र ईरान का हाथ है।
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पांच महीने में दो बार चुनाव, फिर भी नेतनयाहू बहुमत से दूर, ज़ायोनी सरकार के गठन में नेतनयाहू के दोस्त से बने दुश्मन की अहम भुमिका!
Sep १८, २०१९ १६:१६बिनयामिन नेतनयाहू के ख़िलाफ़ खड़े दिख रहे ज़ायोनी शासन के पूर्व युद्ध मंत्री और चरमपंथी नेता अविग्दोर लीबरमैन कभी उनके क़रीबी सहयोगी रह चुके हैं। चुनावी नतीजे अस्पष्ट रहने के बाद यह माना जा रहा है कि इस्राईल का नया प्रधानमंत्री वही बनेगा जिसका लीबरमैन साथ देंगे।
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यमन युद्ध, दूसरे के लिए खोद रहे गड्ढे में कैसे गिरा सऊदी अरब! आले सऊद के पास हैं दो रास्ते ट्रम्प के वादों पर भरोसा करें या इस्लमी जगत की ओर पलट आएं
Sep १८, २०१९ १४:१५व्हाइट हाउस ने सऊदी अरब की ऑयल फ़ील्ड्स पर हुए ड्रोन हमले के बाद यह एलान किया था कि, अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प ने सऊदी अरब के युवराज मोहम्मद बिन सलमान से टेलीफ़ोन करके कहा है कि अमरीका, सऊदी अरब की रक्षा के लिए तैयार है। अमरीकी राष्ट्रपति ने सऊदी अरब की सबसे बड़ी तेल कंपनी आराम्को पर यमनी सेना के ड्रोन हमले की ओर संकेत करते हुए यह भी कहा था कि यह हमला अमरीका और दुनिया की अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक प्रभाव डालेगा।
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सऊदी तेल कंपनी पर हमला, भारत की बढ़ी चिंता, क्या मोदी सरकार ट्रम्प की मनमानी से कर सकेगी इंकार?
Sep १८, २०१९ १२:०३सऊदी अरब की ऑयल रिफ़ाइनरी पर यमनी सेना और स्वयंसेवी बलों द्वारा की गई जवाबी कार्यवाही के बाद पूरी दुनिया में तेल की क़ीमतों में काफ़ी वृद्धि देखने को मिल रही है। बीते कुछ दशकों में यह सबसे तेज़ उछाल है और इसने मध्यपूर्व में एक नए संघर्ष का ख़तरा भी पैदा कर दिया है।
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सऊदी अरब के लिए भयानक जाल बुन रहे हैं ट्रम्प, पुतीन ने क़ुरआन की आयत पढ़कर पेश किया नजात का नुस्ख़ा, बेहद ख़तरनाक हालात में सही विकल्प चुन पाएगी सऊदी सरकार!
Sep १८, २०१९ ०५:३३फ़िलिस्तीनी लेखक व पत्रकार कमाल ख़लफ़ का जायज़ा यह तो बिल्कुल साफ़ है कि सऊदी अरब के बक़ैक़ इलाक़े में आरामको कंपनी के केन्द्रीय प्रतिष्ठान पर ड्रोन हमला मामली घटना नहीं है जिसे भुला दिया जाए। यह एक नया मोड़ है।
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क्या कोई जानता है कि ईरान के बारे मे ट्रम्प का क्या है प्लान? क्योंकि ट्रम्प, ईरान के बारे में अपनी नीति को बार-बार भूले जा रहे हैं!
Sep १७, २०१९ १४:२७अमेरिका के एक प्रसिद्ध मीडिया ने ट्रम्प द्वारा ईरान को लेकर बार-बार बनाई जा रही नई-नई नीति और हर दिन बदले जा रहे बयानों को लेकर डोनल्ड ट्रम्प की कड़ी आलोचना की है। अमेरिकी मीडिया ने कहा है कि ट्रम्प ईरान को लेकर संशय का शिकार हैं।
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कश्मीर की उस काली रात की कहानी जब अंधेरे कमरे में लगाए गए बिजली के झटके!
Sep १७, २०१९ ११:४१भारत प्रशासित कश्मीर में जारी तनाव और हिंसा का उद्देश्य केवल कश्मीर की जनता में डर और भय का माहौल पैदा करना है। आम लोगों को विरोध-प्रदर्शनों से दूर रखा जा रहा है। कश्मीर की आम जनता इस समय बहुत ही दबाव में जीवन गुज़ारने के लिए मजबूर है और यह मजबूरी उन्होंने ने चुनी है बल्कि यह इस देश की सरकार की ओर से थोपी गई मजबूरी है। यह सब कहना है एक भारतीय अधिकारी का।
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ड्रोन हमले के बारे में अंसारुल्लाह के सैनिक प्रवक्ता ने चौंका देने वाली जानकारियां दीं, इमारात पर अब तक हमला क्यों नहीं हुआ? क्या सऊदी अरब की तरफ़ से ईरान पर हमला करेंगे ट्रम्प?
Sep १७, २०१९ ०६:१४अरब जगत के टीकाकार अब्दुल बारी अतवान का जायज़ा अमरीका के विदेश मंत्री माइक पोम्पेयो ने सऊदी अरब के बक़ैक़ इलाक़े में दुनिया के बहुत बड़े तेल प्रतिष्ठान पर बड़ा ड्रोन हमला होते ही ईरान पर आरोप लगा दिया कि वह इस हमले में लिप्त है।