यह तलवार पर ख़ून की फ़तह का समय है, इस्माईल हनिया
https://parstoday.ir/hi/news/west_asia-i112690-यह_तलवार_पर_ख़ून_की_फ़तह_का_समय_है_इस्माईल_हनिया
फ़िलिस्तीन के इस्लामी प्रतिरोधी आंदोलन हमास के राजनीतिक कार्यालय के प्रमुख इस्माईल हनिया ने कहा है कि अब तलवार पर ख़ून की फ़तह का वक़्त आन पहुंचा है।
(last modified 2023-04-09T02:55:50+00:00 )
May १४, २०२२ ०४:१७ Asia/Kolkata
  • यह तलवार पर ख़ून की फ़तह का समय है, इस्माईल हनिया

फ़िलिस्तीन के इस्लामी प्रतिरोधी आंदोलन हमास के राजनीतिक कार्यालय के प्रमुख इस्माईल हनिया ने कहा है कि अब तलवार पर ख़ून की फ़तह का वक़्त आन पहुंचा है।

ग़ौरतलब है कि 11 मई को इस्राईली सैनिकों ने अवैध अधिकृत वेस्ट बैंक स्थित जेनिन शरणार्थी कैम्प में रिपोर्टिंग के दौरान अल-जज़ीरा टीवी की सीनियर पत्रकार शीरीन अबू अक़लेह को शहीद कर देने के बाद, शुक्रवार 14 मई को एक फ़िलिस्तीनी युवक को गोली मारकर शहीद कर दिया।

इस्राईल के इन अत्याचारों का उल्लेख करते हुए हनिया ने कहा है कि ज़ायोनी शासन की बर्बरता, जेनिन शरणार्थी कैम्प पर हमले और मस्जिदुल अक़्सा के अनादर के ख़िलाफ़ फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध जारी रहेगा और अब तलवार पर ख़ून की जीत का क्षण आन पहुंचा है।

हमास के नेता ने फ़िलिस्तीनी प्राधिकरण से आधिकारिक और व्यवहारिक रूप से ओस्लो समझौते और सुरक्षा सहयोग को समाप्त करने की भी मांग की और कहा कि समस्त फ़िलिस्तीनियों को एकजुट होकर ज़ायोनी शासन के ख़िलाफ़ व्यापक प्रतिरोध पर ध्यान केन्द्रित करना चाहिए।

ग़ौरतलब है कि 1993 में इस्राईल के तत्कालीन प्रधान मंत्री इस्हाक़ राबिन और पीएलओ के नेता यासिर अरफ़ात ने वाशिंगटन में ओस्लो समझौते पर हस्ताक्षर किए थे, जिसके आधार पर दोनों पक्षों ने एक दूसरे को औपचारिकता प्रदान की थी, जिसके परिणाम स्वरूप ज़ायोनी शासन को चरणबद्ध तरीक़े से वेस्ट बैंक और ग़ज्ज़ा पट्टी से बाहर निकलना था। msm

हमारा व्हाट्सएप ग्रुप ज्वाइन करने के लिए क्लिक कीजिए

हमारा टेलीग्राम चैनल ज्वाइन कीजिए

हमारा यूट्यूब चैनल सब्सक्राइब कीजिए!

ट्वीटर पर हमें फ़ालो कीजिए