इस्राईली संसद में ख़ुद इस्राईलियों की हार हुई है, गैंट्ज़
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इस्राईली संसद में वेस्ट बैंक स्थित अवैध ज़ायोनी बस्तियों से विशेष आपातकालीन नियमों में विस्तार के प्रस्ताव के गिरने पर ज़ायोनी रक्षा मंत्री ने कड़ी प्रतिक्रिया जताई है।
(last modified 2023-04-09T02:55:50+00:00 )
Jun ०७, २०२२ ०६:४४ Asia/Kolkata
  • इस्राईली संसद में ख़ुद इस्राईलियों की हार हुई है, गैंट्ज़

इस्राईली संसद में वेस्ट बैंक स्थित अवैध ज़ायोनी बस्तियों से विशेष आपातकालीन नियमों में विस्तार के प्रस्ताव के गिरने पर ज़ायोनी रक्षा मंत्री ने कड़ी प्रतिक्रिया जताई है।

ज़ायोनी रक्षा मंत्री बेनी गैंट्ज़ ने कहा है कि आपातकालीन नियमों में विस्तार के प्रस्ताव का पारित नहीं होना, सिर्फ़ इस्राईली कैबिनेट की हार नहीं है।

ग़ौरतलब है कि सोमवार को संसद में इस्राईल के प्रधान मंत्री नफ़्ताली बेनेत की सरकार ने वेस्ट बैंक स्थित ज़ायोनी बस्तियों में आपातकालीन नियमों के विस्तार के लिए प्रस्ताव पेश किया था। लेकिन विपक्ष और सत्ताधारी गठबंधन में शामिल दो अरब सांसदों के विरोध के कारण यह पापित नहीं हो सका।

यह क़ानून पहली  बार 1967 में लागू किया गया था, जिसके आधार पर अवैध अधिकृत वेस्ट बैंक में स्थित ज़ायोनी नागरिकों के साथ वैसा ही बर्ताव किया जाएगा, जैसा कि अन्य इस्राईली नागरिकों के साथ किया जाता है।

उसके बाद से यह क़ानून हर पांच वर्ष में इस्राईली संसद से पारित करवाया जाता है, जिसकी वर्तमान वैधता, जून में ख़त्म हो रही है।

इस क़ानून को पारित कराने में बेनेत की सरकार की नाकामी की एक वजह कट्टरपंथी ज़ायोनी गुटों का सरकार का विरोध करना है, जो वर्तमान सरकार को गिराना चाहते हैं। msm