लेबनान का वर्तमान संकट, अमरीका की देन है, हिज़्बुल्लाह
लेबनान में हिज़्बुल्ला गठबंधन के प्रमुख ने कहा ह कि अमरीका ने इस्लामी प्रतिरोधी संगठन को कमज़ोर करने के मक़सद से, देश में संकट उत्पन्न किया है।
मिशेल औन के छह साल के राष्ट्रपतिकाल की समाप्ति के बाद, उनके उत्तराधिकारी के चयन के लिए लेबनान के सांसदों ने कई बार कोशिश की, लेकिन वे हर बार विफल रहे, जिसके बाद देश में राजनीतिक संकट के गहराने के बारे में चिंता जताई जा रही है।
शनिवार को अल-अहद वेबसाइट की रिपोर्ट के मुताबिक़, लेबनानी संसद में वफ़ादारी नामक गठबंधन के प्रमुख मोहम्मद राद का कहना हैः हमारे दुश्मनों का प्रयास है कि लेबनान में राष्ट्रपति पद को लेकर संकट उत्पन्न कर दें, ताकि इस पद पर वे अपना पिट्ठू बैठा सकें, जो उनकी नीतियों को लागू कर सके और देश और इलाक़े में इस्लामी प्रतिरोध को कमज़ोर करने में उनके साथ सहयोग करे।
उन्होंने कहा कि प्रतिरोध के दुश्मनोंरने में उनसे सहयोग करे। में प्रतिरोधरपति पद को लेकर संकट उत्पन्न कर दें, ताकि इस पद पर वे अपना पिट्ठू बिे मुद्दों कोप3तप ने लेबनान के पैसों और बैंकों पर क़ब्ज़ा कर लिया है, और प्रतिबंधों और नाकाबंदी के ज़रिए वे लेबनान पर हावी होना चाहते हैं। उन्होंने देश को बंधक बनाकर रखा हुआ है, लेकिन हमें विश्वास है कि लोग इस संघर्ा हुआ है, नोंष में हमारे साथ हैं और आख़िरकार जीत हमारी ही होगी।
हाल ही में हिज़्बुल्लाह के एक वरिष्ठ अधिकारी ने अली दामूश ने भी कहा था कि अगर अभी भी कुछ लोग यह मानते हैं कि लेबनान संकट के समाधान के लिए दूसरे देशों विशेष रूप से अमरीका पर भरोसा किया जा सकता है, तो वे बहुत बड़ी ग़लती कर रहे हैं। msm