क्रोधित इस्राईल ने कई देशों के राजदूतों को तलब किया
ज़ायोनी शासन के प्रधानमंत्री ने सुरक्षा परिषद में कालोनियों के विरुद्ध प्रस्ताव पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए अमरीका को छोड़कर इस प्रस्ताव के पक्ष में मतदान करने वाले समस्त देशों के राजदूतों को तलब किया है।
ज़ायोनी प्रधानमंत्री बिनयामीन नितिनयाहू ने रविवार को सुरक्षा परिषद में बस्तियों के निर्माण के विरुद्ध पास होने वाले प्रस्ताव की समीक्षा के लिए आयोजित कैबिनेट की सुरक्षा बैठक में कहा कि अमरीकी सरकार ने मतदान में भाग न लेने का कार्यक्रम बनाया था और इस प्रस्ताव के समर्थन में मतदान नहीं किया।
नितिनयाहू ने कहा कि अमरीका के विदेशमंत्री जाॅन कैरी से मांग की थी कि इस्राईल के मामले को सुरक्षा परिषद में न ले जाएं।
ज्ञात रहे कि संयुक्त राष्ट्र संघ की सुरक्षा परिषद में अवैध अधिकृत फ़िलिस्तीन की धरती पर ज़ायोनी कालोनियों के निर्माण को रोकने के बारे में प्रस्ताव पारित हो गया है।
इस प्रस्ताव के पक्ष में सुरक्षा परिषद के 14 सदस्यों ने मत दिया जबकि अमरीका ने मतदान में भाग नहीं लिया।
इस प्रस्ताव के आधार पर इस्राईल की यह ज़िम्मेदारी है कि वह पूर्वी बैतुल मुक़द्दस सहित अवैध अधिकृत फ़िलिस्तीन में निर्माण संबंधी अपनी समस्त गतिविधियों को तुरंत रोक दे। (AK)