फिलिस्तीनी जनता के विरुद्ध जायोनी शासन की दमनकारी कार्यवाहियां जारीं
बुधवार की सुबह जायोनी शासन के रफह नगर के पूर्व में होने वाले हमले में एक 18 वर्षीय फिलिस्तीनी युवा शहीद हो गया
ऐसी स्थिति में जायोनी शासन ने फिलिस्तीनी जनता के विरुद्ध अपने हमलों में वृद्धि कर दी है जब फिलिस्तीनी जनता के विरुद्ध जायोनी शासन के अपराधों पर अंतरराष्ट्रीय हल्कों की ओर से प्रतिक्रिया जताई जा रही है।
जायोनी शासन ने अपने अपराधों को जारी रखते हुए तोपखानों से ग़ज्जा पट्टी पर हमला किया जिससे एक फिलिस्तीनी युवा शहीद हो गया।
ग़ज़्ज़ा पट्टी में फिलिस्तीन के स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रवक्ता अशरफ अलक़दरा ने इस संबंध में घोषणा की है कि बुधवार की सुबह जायोनी शासन के रफह नगर के पूर्व में होने वाले हमले में एक 18 वर्षीय फिलिस्तीनी युवा शहीद हो गया जबकि दो अन्य घायल हो गये।
जायोनी शासन विभिन्न बहानों से ग़ज्ज़ा पट्टी पर युद्धक विमानों और तोपखानों से हमला करता है। जायोनी शासन ने वर्ष 2006 से गज्जा पट्टी का हवाई, जमीनी और समुद्री परिवेष्टन कर रखा है जिससे इस क्षेत्र के लोगों को बहुत अधिक कठिनाइयों व समस्याओं का सामना है।
जायोनी शासन की दमनकारी कार्यवाहियों में वृद्धि का एक लक्ष्य क्षेत्र के लोगों में भय व आतंक उत्पन्न करना है। जायोनी शासन की कार्यवाहियों ने आम जनमत को हर चीज़ से अधिक इस वास्तविकता तक पहुंचा दिया है कि विश्व में क्रूरतम रूप में उसका अतिग्रहण जारी है।
जायोनी शासन की कार्यवाहियों ने दर्शा दिया है कि वह अपने अतिग्रहण को बाकी रखने के लिए किसी भी अपराध में संकोच से काम नहीं लेता है।
इस बात में कोई संदेह नहीं है कि जायोनी शासन की इस प्रकार की कार्यवाहियों में संयुक्त राष्ट्रसंघ के कमज़ोर क्रिया- कलाप प्रभावी रहे हैं।
साथ ही जायोनी शासन के प्रति अमेरिकी सरकार के व्यापक समर्थनों ने भी इस्राईल को फिलिस्तीनी जनता के विरुद्ध अपराधों को जारी रखने में दुस्साहसी बना दिया है। इस प्रकार की स्थिति इस बात का कारण बनी है कि अमेरिका को इस्राईल के अपराधों में भागीदार के रूप में पहचाना जाये। MM