यमन पर सऊदी अरब बरसाएगा गाइडेड बम
अमरीकी रक्षामंत्री की रेयाज़ यात्रा के बाद यमन पर गाइडेड बम बरसाने की तैयारी तेज़ हो गई है।
जेम्ज़ मैटिस की रेयाज़ यात्रा के बाद वाइट हाउस ने घोषणा की है कि वह सऊदी अरब को गाइडेड बम बेचने जा रहा है जिसकी समीक्षा की जा चुकी है।
एक विश्वस्त सूत्र ने बताया है कि अमरीका, सऊदी अरब को 390 मिलयन डालर के गाइडेड बम बेचेगा। वाइट हाउस की ओर से यह फैसला, रेयाज़ में जेम्ज़ मैटिस और सऊदी अधिकारियों के बीच हुई वार्ता के बाद लिया गया। अमरीका की ओर से यह घोषणा एेसे समय में की गई है कि जब मानवाधिकार संगठनों ने यमन की स्थिति को चिंताजनक बताते हुए यमनवासियों की सहायता का आह्वान किया है।
सऊदी अरब ने अमरीका की ओर से मिली हरी झंडी के कारण मार्च सन 2015 को यमन पर हमला किया था जिसका क्रम अब भी जारी है। इस दौरान सऊदी अरब ने यमन में जघन्य अपराध किये हैं। अपने हमलों को जारी रखते हुए सऊदी अरब ने यमन में मानवाधिकारों का खुलकर हनन किया है। यमन जैसे निर्धन देश पर सऊदी अरब ने हमला करके उसकी मूलभूत संरचनाओं को ध्वस्त कर दिया और हज़ारों निर्दोषों को अकारण मार डाला।
सऊदी अरब के हमलों के बाद यमन की दयनीय स्थिति का अनुमान इस बात से लगाया जा सकता है कि विश्व खाद्य संगठन के प्रवक्ता ने कहा है कि यमन के कई प्रांतों में खाद्य पदार्थों की कमी के कारण वहां पर भुखमरी की स्थिति पैदा हो चुकी है। उनके अनुसार इस समय यमन में लगभग 70 लाख लोग, खाद्य पदार्थों की कमी का सामना कर रहे हैं जिनमें बहुत बड़ी संख्या उन लोगों की है जो लंबे समय से इस परिस्थिति से गुज़र रहे हैं।
सऊदी अरब ने यमन के विरुद्ध जिन शस्त्रों का प्रयोग किया है उनसे इस देश के प्राकृतिक संसाधनों, मूलभूत संरचनाओं तथा इमारतों को बहुत नुक़सान पहुंचा है। इसके अतिरिक्त अपने हमलों से सऊदी अरब ने यमन को चीज़ें उपहार स्वरूप दी हैं वे हैं जनसंहार, भुखमरी, असुरक्षा, निर्धन्ता और खाने तथा दवाओं जैसी मौलिक वस्तुओं की कमी।