पूर्वी अलक़ुद्स में बढ़ते तनाव के बीच 2 फ़िलिस्तीनी शहीद
इस्राईल की ओर से पूर्वी अलक़ुद्स में मस्जिदुल अक़्सा में दाख़िल होने के लिए लगायी गयी पाबंदियों के कारण भड़की हिंसा में घायल होने वाले 2 फ़िलिस्तीनी घाव बर्दाश्त न कर पाने से शहीद हो गए।
फ़िलिस्तीनी स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि 17 साल के उज़ै नवाजा अतिग्रहित पश्चिमी तट के अलइज़ारिया शहर में इस्राईली सैनिक की सीधी गोली लगने से घायल होने के बाद शनिवार को शहीद हो गए।
18 साल का दूसरा फ़िलिस्तीनी पश्चिमी तट के अबू दीस क़स्बे में पेट्रोल बम के समय से पहले विस्फोटित होने से शहीद हो गया।
14 जुलाई को मस्जिदुल अक़्सा के बाहर कि जिसे यहूदी टेंपल माउंट कहते हैं, घातक फ़ायरिंग के बाद अतिग्रहित क्षेत्रों में हिंसा भड़क उठी है। इस घटना के बाद इस्राईली पुलिस ने अलअक़्सा मस्जिद के परिसर को बंद कर दिया और जुमे की नमाज़ आयोजित नहीं होने दी लेकिन अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर आलोचना के बाद ज़ायोनी शासन ने 16 जुलाई को फिर से मस्जिदुल अक़्सा के द्वार खोल दिए लेकिन इसके साथ ही इस्राईल ने मस्जिदुल अक़्सा के प्रवेश द्वार पर इलेक्ट्रॉनिक गेट और जासूसी वाले कैमरे लगा दिए हैं।
इसके बाद से फ़िलिस्तीनियों ने अलअक़्सा मस्जिद में दाख़िल होने से इंकार कर दिया है और वे मस्जिदुल अक़्सा के बाहर सामूहिक रूप से नमाज़ पढ़ रहे हैं।
रेड क्रेसेंट के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से ज़ायोनी सैनिकों की फ़ायरिंग में अब तक 390 फ़िलिस्तीनी घायल हुए हैं जिनमें 100 को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। (MAQ/N)