आले ख़लीफ़ा शासन 728 बहरैनी नागरिकों की नागरिकता छीन चुका है
https://parstoday.ir/hi/news/west_asia-i63576-आले_ख़लीफ़ा_शासन_728_बहरैनी_नागरिकों_की_नागरिकता_छीन_चुका_है
बहरैन के मानवाधिकार केन्द्र ने बुधवार को एक बयान जारी करके कहा है कि पिछले हफ़्ते आले ख़लीफ़ शासन ने 200 बहरैनी नागरिकों की नागरिकता छीन ली है।
(last modified 2023-04-09T02:55:50+00:00 )
May २४, २०१८ ०४:४४ Asia/Kolkata
  • आले ख़लीफ़ा शासन 728 बहरैनी नागरिकों की नागरिकता छीन चुका है

बहरैन के मानवाधिकार केन्द्र ने बुधवार को एक बयान जारी करके कहा है कि पिछले हफ़्ते आले ख़लीफ़ शासन ने 200 बहरैनी नागरिकों की नागरिकता छीन ली है।

बयान में उल्लेख किया गया है कि पिछले 6 वर्षों के दौरान, आले ख़लीफ़ा शासन ने 728 नागरिकों की नागरिकता भंग की है।

बहरैन में 14 फ़रवरी 2011 से तानाशाही की समाप्ति और लोकतांत्रिक व्यवस्था की मांग को लेकर जन आंदोलन जारी है।

आले ख़लीफ़ा शासन जनता की आवाज़ को दबाने के लिए अकसर अपने विरोधियों को फांसी पर लटका देता है या उन्हें जेलों में ठूस दिया जाता है। इसके अलावा मूल अधिकारों की मांग करने वालों की नागरिकता छीन ली जाती है।

बहरैनी जनता की मांग है कि देश में बहु संख्यक शिया मुसलमानों के साथ भेदभाव बंद हो और लोकतांत्रिक व्यवस्था की स्थापना हो। msm