भिखारी, मूर्ख राष्ट्रपति की तारीफ़ों के पुल बांध रहे हैंः यमन
यमन के जनांदोलन अंसारुल्लाह के प्रमुख ने इराक़ में आतंकवादी अमरीकी सेना की छावनी पर ईरान के जवाबी मीज़ाइल हमले को क्षेत्र में अमरीकी दादागीरी की समाप्ति की ओर पहला बड़ा क़रार दिया है।
बुधवार को शहीद दिवस के अवसर पर अपने संबोधन में अंसारुल्लाह आंदोलन के महासचिव सैयद अब्दुल मलिक बदरुद्दीन अलहूसी का कहना था कि अमरीका ने जनरल क़ासिम सुलैमानी को शहीद करके अंतर्राष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन किया और रेड लाइन को पार किया है।
उन्होंने कहा कि अमरीका और इस्राईल इस्लाम के मुख्य दुश्मन हैं और वह अपनी शैतानी चालों द्वारा मुसलमानों को निरंतर नुक़सान पहुंचा रहे हैं। अंसारुल्लाह आंदोलन के प्रमुख ने यह बात बल देकर कही कि क्षेत्र की कुछ सरकारें अमरीका की ग़ुलाम हैं और वाशिंग्टन के हितों को आगे बढ़ाने में व्यस्त हैं।
उन्होंने कहा कि अमरीका और इस्राईल के हमलों का मुक़ाबला करना जेहाद है। अब्दुल मलिक अलहूसी ने स्पष्ट किया कि उनका संगठन ईरान, लेबनान, इराक़, सीरिया, फ़िलिस्तीनी और हर उस देश के साथ है जिसे अमरीकी हमलों का सामना है।
उन्होंने अमरीका का भिखारी बन जाने के कारण सऊदी अरब की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि सऊदी अधिकारी ऐसे समय में अमरीकी राष्ट्रपति की तारीफ़ों के पुल बांधते रहे जब स्वयं अमरीकी जनता उन्हें मूर्ख क़रार देती है। (AK)