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डिमोना परमाणु केन्द्र के निकट भीषण विस्फ़ोट, इस्राईल को क्या संदेश दे रहा है? इस्राईली सैनिक अलर्ट
Apr २२, २०२१ ०८:०१इस्राईली टीवी ने सूचना दी है कि गुरूवार की सुबह अवैध अधिकृत फ़िलिस्तीन के नक़ब क्षेत्र में ख़तरे का सायरन बजा उसके बाद कालोनियों में रहने वाले ज़ायोनियों ने भीषण विस्फोट की आवाज़ सुनी।
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वीडियो रिपोर्टः फ़िलिस्तीन में आज ऐसा क्या है कि लोग सड़कों पर निकल आए हैं?
Apr १९, २०२१ १६:००फिलिस्तीनी प्रतिरोध के सबसे प्रमुख नेताओं में से एक डॉक्टर अब्दुल अज़ीज़ रनतीसी की शहादत की सालगिरह और फ़िलिस्तीनी क़ैदियों के दिवस के मौक़े पर गज़्ज़ा के लोगों ने वभिन्न इलाक़ों में एकत्रित होकर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने शहीद रनतीसी और अन्य फ़िलिस्तीनी क़ैदियों को याद किया ... लोगों का इतनी भारी संख्या में एकत्रित होना यह बताता है कि फ़िलिस्तीनी जनता के प्रमुख मुद्दों में से एक क़ैदियों की रिहाई है और इसी तरह हम बल देकर कहते हैं कि शहीद रनतीसी के रास्ते को हम आगे बढ़ाते रहेंगे ...
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वीडियो रिपोर्टः मानवाधिकारों की धज्जियां उड़ाता इस्राईल, तालियां बजाते यूरोप और अमेरिका, रमज़ान का पहला जुमा और मस्जिदुल अक़्सा में छाया रहा सन्नाटा
Apr १७, २०२१ १५:३५इस्राईली सेना ने मस्जिदुल अक़्सा को घेर लिया है और लोहे की बैरिकेडिंग लगाकर लोगों के प्रवेश को पूरी तरह अपने नियंत्रण में कर लिया है, केवल कुछ ही फ़िलिस्तीनी ही हैं जो मस्जिदुल अक़्सा में जा सकते हैं। मस्जिदुल अक़्सा की ओर जाने वाले रास्तों पर भारी संख्या में फ़िलिस्तीनी एकत्रित हैं और मस्जिदुल अक़्सा में प्रवेश करने के अपने अधिकार की मांग कर रहे हैं । हमे नमाज़ पढ़ने से रोका गया, यह स्वयं जानते हैं कि फ़िलिस्तीनी प्रशासन ने ज़रूरत के हिसाब से वैक्सीन का इंतेज़ाम नहीं किया है, वे ज़ोर ज़बरदस्त .
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मुबारक महीने रमज़ान के पहले जुमे की सुबह इस्राईल ने गज़्ज़ा वासियों पर की बमों की बारिश
Apr १६, २०२१ ०३:५४फ़िलिस्तीनी सूत्रों ने ख़बर दी है कि शुक्रवार को सुबह तड़के इस्राईली युद्धक विमानों और तोपख़ानों ने गज़्ज़ा पर हमला किया है।
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वीडियो रिपोर्टः रमज़ान के आगमन पर फ़िलिस्तीनी मुसलमानों का क्या है हाल? क़र्ज़ में डूबे गज़्ज़ा वासियों कौन है उम्मीद की किरण?
Apr १४, २०२१ १५:४५ग़ज़्ज़ा पट्टी में रमज़ान आगमन की एक झलक....इस साल ग़ज़्ज़ा पट्टी में रमज़ान का पवित्र महीना ऐसी स्थिति में आरंभ हुआ है जब कोरोना और ख़राब आर्थिक स्थिति के कारण फ़िलिस्तीनियों को जटिल व विषम परिस्थिति का सामना है और मस्जिदों में धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन भी उनके लिए कठिन हो गया है। रमज़ान का महीना ईश्वर की कृपा, दया और उससे निकट होने का महीना है, गज़्ज़ा पट्टी के लोगों ने इस पवित्र महीने का स्वागत करने के लिए स्वंय को ...
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वीडियो रिपोर्टः रमज़ान से पहले मुसलमानों के पहले क़िबले का क्या है हाल? मस्जिदुल अक़्सा नमाज़ियो के लिए खुलेगी या नहीं?
Apr १२, २०२१ १५:५९... हमने "प्रथम बैतुल मुक़द्दस" के बारहवें कार्यक्रम के ढांचे के भीतर इस क्षेत्र में प्रवेश किया ताकि मस्जिदुल अक़्सा के प्रांगड़ों की सफ़ाई करें और पवित्र रमज़ान महीने में इस मस्जिद में आने वाले नमाज़ियों का स्वागत करने के लिए परिस्थितियों को प्रशस्त करें ... मस्जिदुल अक़्सा मुसलमानों का पहला क़िबला है जिसका बहुत महत्व है, मुसलमानों की सबसे पवित्र मस्जिदों में से एक इस मस्जिद में ईश्वर के महमानों के स्वागत के लिए सभी कामों को अंजाम दिया जा चुका है ... हर वर्ष पवित्र महीने रमज़ान से पहले ...
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फ़िलिस्तीन के राष्ट्रीय ध्वज की विशेषता क्या है? ज़ायोनी सैनिकों ने शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे फ़िलिस्तीनियों का जवाब किस चीज़ से दिया?
Apr १०, २०२१ ११:११जार्डन नदी के पश्चिमी तट और पूर्वी बैतुल मुक़द्स के विभिन्न क्षेत्रों में फ़िलिस्तीनियों ने क्यों रैलियां निकाली?
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ह्यूमन राइट्स वाॅचः फ़िलिस्तीनी जनता के ख़िलाफ़ इस्राईली हमले, युद्ध अपराध से बढ़ कर हैं।
Apr ०९, २०२१ १०:१२एक अंतर्राष्ट्रीय मानवाधिकार संस्था ने कहा है कि ज़ायोनी शासन की सेना ने फ़िलिस्तीनियों पर जो हमले किए हैं, वे युद्ध अपराध की सीमा लांघ कर मानवता के ख़िलाफ़ अपराध की सीमा में दाख़िल हो गए हैं।
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वीडियो रिपोर्टः इस्राईली सैनिकों ने बीवी बच्चों के सामने बाप को गोलियों से भूना, फ़िलिस्तीनियों का फूटा ग़ुस्सा दे डाली ख़तरनाक धमकी!
Apr ०७, २०२१ १५:५०फ़िलिस्तीन के मासूम बच्चे मोहम्मद ने उस समय अपने बाप को खो दिया जब उनकी उम्र 42 साल थी। ज़ायोनी शासन के क्रूर सैनिकों ने उसके पिता को शहीद कर दिया था। यह परिवार अपनी गाड़ी पर सवार होकर बैतुल मुक़द्दस शहर के बदू क़स्बे में स्थित अपने घर की ओर लौट रहा था तभी इस्राईली सैनिकों ने उनपर हमला कर दिया और मोहम्मद के पिता को शहीद कर दिया। शहीद के पांच बेटे हैं जबकि शहीद की पत्नी भी इस हमले में घायल हो गईं हैं। शहीद ओसामा के पिता ने ...
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वीडियो रिपोर्टः फ़िलिस्तीन के नवयुवक अली की शहादत की कहानी जिसने सुना रो दिया, अली किसके सपने में आता है?
Apr ०६, २०२१ १५:४३वर्ष 2000 से अब तक अवैध ज़ायोनी शासन ने लगभग 2100 फ़िलिस्तीनी बच्चों को मौत के घाट उतार चुका है। जारी वर्ष में अब तक 8 बच्चे शहीद हो चुके हैं और अब तक 4 हज़ार फ़िलिस्तीनी बच्चे घायल हो चुके हैं। इस्राईल ने इस साल के आरंभ से अबतक 230 बच्चों को गिरफ़्तार किया है, जिनमें से 140 बच्चे अभी भे जेल में हैं ... अभी भी हम अपने बच्चे अली को सपने में देखते हैं, इस बड़ी मूसीबत में ...