कश्मीर में 32वें दिन भी अशांति
भारत नियंत्रित कश्मीर में 32वें दिन भी स्थिति तनावपूर्ण रही।
वहां के विभिन्न क्षेत्रों से हिंसक प्रदर्शनों की ख़बरें मिल रही हैं। मंगलवार को भी कश्मीर के कई क्षेत्रों में कर्फ्यू जारी रहा। लगातार कर्फ़्यू से कश्मीर में आम जन-जीवन पूरी तरह से ठप्प पड़ गया है। दक्षिणी कश्मीर के विभिन्न क्षेत्रों में हिंसक प्रदर्शन हुए जिनमें कई लोग घायल हो गए। घायलों में महिलाएं भी सम्मिलित हैं। अनंतनाग में प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच उस समय झड़पें हुईं जब पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर आंसूगैस के गोले छोड़े। अलगावादी नेताओं ने 12 अगस्त तक हड़ताल जारी रखने
दूसरी ओर भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जम्मू एवं कश्मीर में शांति बनाए रखने की अपील की है। उन्होंने मंगलवार को कहा कि उनकी सरकार लोगों की समस्याओं का विकासात्मक समाधान ढूंढ़ रही है। मोदी ने कहा कि हम विकास के जरिए सभी समस्याओं का समाधान खोज रहे हैं।"
उन्होंने कहा कि 'गुमराह किए गए मुठ्ठी भर लोग' कश्मीर घाटी में समस्याएं पैदा कर रहे हैं। नरेन्द्र मोदी ने कहा कि कुछ लोग कश्मीर को भारी क्षति पहुंचा रहे हैं। कश्मीर शांति चाहता है। कश्मीरी अपनी आजीविका की बेहतरी के लिए जो कुछ भी चाहते हैं, केंद्र उन्हें वह प्रदान करेगा।