मुसलमान, राम मंदिर निर्माण की बात मान लें नहीं तो----सुब्रमणयम
भारतीय जनता पार्टी के नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने राम मंदिर मुद्दे पर धमकी के रूप में मुस्लिम समाज को एक सलाह दी है।
बीजेपी नेता सुब्रमण्यम स्वामी ने एएनआई से बातचीत के दौरान कहा है कि मुसलमान, समझौता के विकल्पों की तलाश क्यों नहीं करते?उन्होंने कहा कि देश के सुप्रीम कोर्ट ने घोषणा की है कि मंदिर-मस्जिद मामले में वह मध्यस्ता करने के लिए तैयार है। सुब्रमण्यम के अनुसार सुप्रीम कोर्ट की ओर से यह एक महान क़दम है।
सुब्रमण्यम स्वामी ने कहा कि अगर मुस्लिम समाज, मंदिर बनाने के लिए समझौते पर तैयार नहीं होता हैं तो सन 2018 में राज्यसभा में बीजेपी के पास बहुमत होने पर मंदिर के निर्माण के लिए क़ानून पास कराया जाएगा। स्वामी ने मुस्लिम समाज को मस्जिद निर्माण के लिए किसी दूसरी जगह का चयन करने की सलाह भी दी है।
ज्ञात रहे कि भारतीय जनता पार्टी के नेता सुब्रमण्यम स्वामी का यह बयान सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले के बाद आया है जिसमें कोर्ट ने हिंदू और मुस्लिमों दोनों पक्षों को इस मुद्दे पर कोर्ट के बाहर समझौता करने के लिए कहा था।
सुब्रमण्यम स्वामी ने राम मंदिर पर की गई सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी के बाद सुझाव दिया था कि मुसलमानों को सरयू नदी के पार मस्जिद का निर्माण कराना चाहिए और राम मंदिर को राम जन्म भूमि पर बनने देना चाहिए।
टीकाकारों का कहना है कि उत्तर प्रदेश में भारी बहुमत से बीजेपी सरकार बनने और योगी आदित्यनाथ के मुख्यमंत्री पद संभालने के बाद से भाजपा नेता सुब्रमण्यम स्वामी कुछ ज़्यादा ही उत्साहित दिखाई दे रहे हैं।