कश्मीरियों को हम भावनात्मक रूप में खो चुके हैं- यशवंत सिन्हा
भारत के भूतपूर्व वित्तमी यशवंत सिन्हा ने कहा है कि भरात ने घाटी के लोगों को भावनात्मक रूप में खो दिया है।
उन्होंने कहा कि मैं जम्मू व कश्मीर में बड़ै पैमाने पर लोगों के अलगाव को देख रहा हू। यशवंत सिन्हा ने कहा कि हम कश्मीरियों को भावनात्मक रूप में खो चुके हैं।
भारत के भूतपूर्व वित्तमत्री ने कहा कि इसको समझने के लिए हमें घाटी का दौरा करना पड़ेगा। उन्होंने यह भी कहा कि पाकिस्तान, कश्मीर का आवश्यक तीसरा पक्ष है। सिन्हा ने कहा कि दुर्भाग्यवश पाकिस्तान, जम्मू व कश्मीर का तीसरा ज़रूरी पक्ष है। वे कहते हैं कि कश्मीर के मामले में यदि हम अन्तिम समाधान चाहते हैं तो फिर किसी न किसी स्थान पर हमें पाकिस्तान को शामिल करना ही होगा। उन्होंने कहा कि नियंत्रण रेखा पर लोगों के मारे जाने पर रोक लगनी चाहिए क्योंकि वहां पर कोई युद्ध जीत नहीं रहा है। सिन्हा का कहना था कि नियंत्रण रेखा अच्छी तरह परिभाषित है। उन्होंने कहा कि आप नियंत्रण रेखा को बदल नहीं सकते तो क्यों न नियंत्रण रेखा पर शांति स्थापित की जाए। यशवंत सिन्हा ने कहा कि पाकिस्तान के साथ हर प्रकार के मतभेदों के बावजूद नियंत्रण रेखा पर शांति स्थापित की जा सकती है।
ज्ञात रहे कि भारत के भूतपूर्व वित्तमंत्री और भाजपा नेता यशवंत सिन्हा, एक नागरिक सामाजिक संगठन, "सीजीजी" अर्थात "कंसर्ड सिटिज़ंस ग्रुप" का नेतृत्व करते हैं। उनके इस संगठन ने हालिया समय में भारत नियंत्रित कश्मीर का कई बार दौरा करके वहां के कई पक्षों से वार्ता की है। यशवंत सिन्हा का कहना था कि उन्होंने दस महीने पहले कश्मीर के मुद्दे पर चर्चा करने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से समय मांगा किंतु बड़े दुख की बात है कि उनको समय नहीं दिया गया।