चीन की सीमा पर हालात संवेदनशीलः भारत
भारत ने यह बात स्वीकार की है कि चीन की सीमा पर स्थिति संवेदनशील है।
भारत के रक्षा राज्यमंत्री ने कहा है कि एलएसी पर हालात संवेदनशील हैं।
जनसत्ता के अनुसार सुभाष भामरे ने कहा कि कि भारत और चीन के बीच वास्तविक नियंत्रण रेखा, "एलएसी" पर हालात संवेदनशील हैं तथा यहां पर स्थिति के अधिक गंभीर होने की संभावना है। उन्होंने एक सम्मेलन को संबोधित करते हुए इस बात की भी आशंका जताई कि भारत के पड़ोस में अस्थिरता के कारण महाविनाश के अस्त्रों के प्रसार की संभावना बढ़ गई है। भारतीय रक्षा राज्यमंत्री के अनुसार यह अस्त्र ऐसे लोगों के हाथ भी लग सकते हैं जिनका किसी भी देश से कोई सरोकार नहीं है। उन्होंने कहा कि आज हम अपने मुश्किल पड़ोस के साथ कई सुरक्षा चुनौतियों का सामना कर रहे हैं।
पत्रकारों से बातचीत के दौरान भामरे ने कहा कि एलएसी पर कई सारी बातें हो रही हैं। आप नहीं जान सकते कि इनमें से किसी बात को लेकर मामला गंभीर भी हो सकता है। इससे पहले उन्होंने कहा था कि परंपरागत खतरों के अलावा साइबर क्षेत्र में अपरंपरागत ख़तरे भी हैं। इसके अलावा सोशल मीडिया के ज़रिए बढ़ते धार्मिक रूढ़िवाद का प्रसार, चिंता का विषय है।
दूसरी तरफ, भारत एवं चीन के बेहतर संबंधों के अध्ययन के लिए गठित "ईजीसीसीएस" अर्थात "इंडिया ग्लोबल सेंटर फॉर चाइनीज स्ट्डीज" ने एक विशेष पैनल चर्चा का आयोजन किया जिसमें विशेषज्ञों ने सरकार, समाज और व्यापार के स्तर पर चीन को और अधिक गहराई से समझने पर ज़ोर दिया।