अहलेबैत वर्ल्ड असेंब्ली ने की दिल्ली की सांप्रदायिक हिंसा की निंदा
अहलेबैत वर्ड असेंब्ली ने भारत की राजधानी दिल्ली की हालिया सांप्रदायिक हिंसा की निंदा की है।
इस वैश्विक संस्था ने मुसलमानों के विरुद्ध हिंदू उग्रवादियों के हमलों की निंदा करते हुए भारत सरकार से मुसलमानों के विरुद्ध सीमितताओं को हटाने, मानवाधिकारों का सम्मान करने और अन्तर्राष्ट्रीय नियमों के पालन करने का आह्वान किया है।
सोमवार को अहलेबैत वर्ड असेंब्ली की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि अमरीकी राष्ट्रपति ट्रम्प की भारत यात्रा के दौरान अतिवादी हिंदुओं ने भारत की राजधानी दिल्ली में मुसलमानों के घरों और उनकी मस्जिदों पर हमले कर दिये जिसके परिणाम स्वरूप रक्तरंजित झड़पों में दसियों लोग मारे गए और 200 से अधिक लोग घायल हो गए।
इस बयान में भारत में भारतीय मुसलमानों द्वारा सीएए, एनआरसी और एनपीआर के विरुद्ध व्यापक प्रदर्शन की ओर संकेत किया गया। अहलेबैत वर्ड असेंब्ली के बयान कहा गया है कि भारत की यह वर्तमान स्थिति हर स्वतंत्र नागरिक के लिए बहुत दुखद है। बयान के अनुसार अतिवादी हिंदुओ ने मुसलमानों और उनके धर्मस्थलों पर हमले करके रक्तरंजित सांप्रदायिक हिंसा को जन्म दिया। इस बयान में दिल्ली दंगों के दौरान पुलिस की भूमिका की ओर संकेत करते हुए कहा गया है कि भारत में लोकतंत्र अपनी आरंभिक परीक्षा में बुरी तरह से विफल रहा है।