बांद्रा स्टेशन पर भीड़, भाजपा को राजनीतिक साज़िश लगने लगी
मुंबई के बांद्रा स्टेशन पर जमा भीषण पर राजनीति शुरु हो गयी है और भाजपा ने इसका आरोप राज्य सरकार पर लगा दिया है।
भारतीय जनता पार्टी की नेता कपिल मिश्रा ने कहा है कि इसमें किसी राजनीतिक साजिश की बू आ रही है।
भारतीय जनता पार्टी के नेता कपिल मिश्रा ने कहा कि जो मुंबई में हो रहा है, हज़ारों लोग एक साथ एक जगह, यह बिना प्लानिंग के असंभव है। जैसे दिल्ली में बसों में भीड़ भेजी गई, मुंबई में भी वैसी ही साजिश है। ट्रेनें बंद हैं तो भीड़ स्टेशन पर कैसे आई? क्या मास मैसेजिंग हुई? कुछ लोग देश के ख़िलाफ़ बहुत गंदी साज़िश कर रहे हैं।
कपिल मिश्रा ने आगे सवाल पूछते हुए लिखा कि तीन बड़े कड़वे सवाल हैं, अगर यह घर जाने वाले मजदूरों की भीड़ तो इनमें से किसी के भी पास बड़े बैग, थैले, समान क्यूं नहीं? भीड़ जामा मस्जिद के सामने क्यूं? महाराष्ट्र में 30 अप्रैल तक का लॉकडाउन पहले से ही घोषित था तो आज हंगामा क्यूं? यह साज़िश है।
उधर बांद्रा स्टेशन की इस भीड़ को लेकर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री और शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे के बेटे और मंत्री आदित्य ठाकरे ने केंद्र सरकार को कठघरे में खड़ा किया।
आदित्य ठाकरे ने ट्वीट कर कहा कि केंद्र सरकार द्वारा मजदूरों के घर वापस जाने के लिए कोई व्यवस्था नहीं की गई। वे खाना या आश्रय नहीं चाह रहे हैं। वे अपने घर वापस जाना चाह रहे हैं। आदित्य ठाकरे ने आगे कहा कि ट्रेनों का परिचालन शुरू से ही बंद है। महाराष्ट्र सरकार ने केंद्र सरकार से 24 घंटे के लिए ट्रेन शुरू करने के लिए कहा था जिससे कि प्रवासी मजदूर अपने-अपने प्रदेश वापस जा सके। (AK)