सीरिया की समस्या का सैन्य मार्ग से हल सोचना भ्रम है, ज़रीफ़
विदेश मंत्री जवाद ज़रीफ़ ने सीरिया की समस्या को सैन्य मार्ग से हल करने की कोशिश को भ्रम बताया है।
सोमवार की रात वियना पहुंचने पर ईरानी विदेश मंत्री ने यह बात कही। वे वियना, सीरिया अंतर्राष्ट्रीय समर्थक गुट आईएसएसजी की बैठक में भाग लेने के लिए गए हैं।
उन्होंने प्रेस टीवी से इंटर्व्यू में कहा, “हम व्यापक संघर्ष विराम की निरंतर मांग पर फिल बल देंगे जिसके दायरे में आतंकवादी गुट न आएं।” जवाद ज़रीफ़ ने बल दिया कि सीरिया की समस्या को सिर्फ़ और सिर्फ़ राजनैतिक मार्ग से हल किया जा सकता है। सीरिया मार्च 2011 से विदेश समर्थित आतंकवाद से संघर्ष कर रहा है।
ईरानी विदेश मंत्री ने कहा, “अफ़सोस की बात है ऐसा लग रहा है कुछ लोग सैन्य मार्ग के ज़रिए हल चाहते हैं, इस भ्रांति को ख़त्म होना चाहिए और उन्हें राजनैतिक समाधान के बारे में सोचना चाहिए।”
ईरान, रूस, तुर्की, सऊदी अरब, यूरोपीय संघ और अरब लीग के प्रतिनिधि मंगलवार को आईएसएसजी की प्रस्तावित बैठक में भाग ले रहे हैं। 17 राष्ट्रों पर आधारित इस गुट का उद्देश्य सीरिया में सत्ता पक्ष और विरोधियों के बीच वार्ता में आए गतिरोध, फ़रवरी से लागू संघर्ष विराम के मार्ग में मौजूद चुनौतियों और सीरिया के अनेक क्षेत्रों में मानवीय सहायता पहुचांने के विषय पर चर्चा करना है।
वियना पहुंचते ही विदेश मंत्री जवाद ज़रीफ़ की सीरिया के मामले में संयुक्त राष्ट्र संघ के विशेष दूत स्टीफ़न डि मिस्तूरा से, आईएसएसजी की आगामी बैठक के बारे में बातचीत हुयी। (नीचे तस्वीर में दिखाई दे रहे हैं)।

इसी प्रकार विदेश मंत्री जवाद ज़रीफ़ ने यूरोपीय संघ की विदेश मामलों की प्रभारी फ़ेडरिका मोगरीनी से ईरान के साथ हुए परमाणु समझौते के लागू होने के बारे में और क्षेत्रीय व अंतर्राष्ट्रीय हालात पर चर्चा की।(MAQ/N)