सांस्कृतिक पहचान राष्ट्र की ताकत का स्रोत हैः राष्ट्रपति
राष्ट्रपति ने कहा है कि सांस्कृतिक पहचान ईरानी राष्ट्र की ताकत का स्रोत है।
इसी संबंध में IRIB के कांफ्रेन्स हाल में एक कांफ्रेन्स हुई थी जिसमें राष्ट्रपति ने भाषण देते हुए यह बात कही। राष्ट्रपति ने कहा कि सांस्कृतिक हमला केवल आज नहीं है बल्कि हमेशा था और यह पहचान ईरानी राष्ट्र को शक्ति देती है।
समाचार एजेन्सी ईरान प्रेस के अनुसार राष्ट्रपति सैयद इब्राहीम रईसी ने कहा कि ईरानी की समृद्ध संस्कृत को हमेशा विदेशी संस्कृतियों से खतरा रहा है और ईरान की इस्लामी क्रांति वास्तव में एक सांस्कृतिक क्रांति है और इस्लामी गणतंत्र ईरान की ज़ात में एक संस्कृत है और ईरान सांस्कृतिक प्रगति के साथ विकास के मार्ग पर अग्रसर है।
उन्होंने बल देकर कहा कि जिस देश के पास मज़बूत संस्कृत है उसे साइबर युद्ध के तूफान के झटके हिला नहीं सकते। इसी प्रकार राष्ट्रपति ने कहा कि अगर बुनियाद व आधार मज़बूत हैं तो उसकी रक्षा की जानी चाहिये और तकनीक में विकास से चिंतित होने की कोई ज़रूरत नहीं है क्योंकि हर रोज़ नई नई चीज़ें सामने आ रही हैं और चिंता उस समय है जब राष्ट्रीय पहचान के लिए खतरा हो। MM
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