IRGC की नौसेना का पांचवां स्तंभ है ड्रोन!!!
ईरान के इस्लामी क्रांति रक्षक बल आईआरजीसी की नौसेना के प्रमुख ने ड्रोन विमानों को इस सेना की युद्धक क्षमता का पांचवां स्तंभ बताया है।
एडमिरल अली फ़दवी ने आईआरजीसी के मानव रहित विमान (ड्रोन) की युनिट के निरीक्षण के अवसर पर, ड्रोन विमानों की खोजी व आक्रामक कार्यवाहियों के महत्व की ओर इशारा करते हुए कहा कि यह यूनिट, आईआरजीसी की थल सेना की अहम इकाइयों में से एक है। उन्होंने इसी प्रकार कमान्डोज, सैन्य नौकाओं, मीज़ाइलों और एेरो स्पेस की क्षमताओं को आईआरजीसी की नौसेना के अन्य स्तंभों के रूप में याद किया और कहा कि समय बीतने के साथ साथ संसार की सभी सेनाओं में ड्रोन विमानों की भूमिका का महत्व बढ़ता जा रहा है।
ईरान के इस्लामी क्रांति रक्षक बल की नौसेना के प्रमुख एडमिरल फ़दवी ने कहा कि आईआरजीसी की परिभाषा के अंतर्गत ड्रोन विमानों का स्थान, संसार में प्रचलित परिभाषाओं से अलग हो सकता है। उन्होंने कहा कि कुछ छोटे और कमज़ोर देश नहीं बल्कि अमरीका, इस्लामी गणतंत्र ईरान का मुख्य शत्रु है जिसे संसार के अन्य लोग एक भौतिक महाशक्ति के रूप में स्वीकार करते हैं। (HN)