अमेरिकी आक्रमणों के जवाब में IRGC का निर्णायक मिसाइल और ड्रोन अभियान
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इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC)
पार्स टुडे – IRGC के जनसंपर्क विभाग ने एक बयान में हुर्मुज़ जलडमरूमध्य में उल्लंघन करने वाले जहाजों के साथ और अधिक कठोरता से निपटने पर जोर दिया।
पार्स टुडे के अनुसार IRGC के बयान का पूरा पाठ इस प्रकार है:
"अल्लाह के नाम से जो ज़ालिमों को कुचलने वाला है"
"तो अविश्वास के नेताओं से युद्ध करो; निस्संदेह उनकी कोई प्रतिज्ञा नहीं है ताकि वे रुक जाएँ।" (कुरआन, 9:12)
इस्लामी ईरान के प्रिय और सम्माननीय लोगों;
आपके वीर सपूतों ने IRGC की नौसेना और वायु अंतरिक्ष बलों में आज (रविवार, 7 तिर) सुबह 2 से 3 बजे के बीच एक संयुक्त मिसाइल और ड्रोन अभियान में कुवैत के अल-सलेम बेस और बहरीन के सलमान बंदरगाह में अमेरिकी बाल-हत्यारी सेना की आठ महत्वपूर्ण बुनियादी ढाँचा सुविधाओं की ओर बैलिस्टिक मिसाइलें और ड्रोन दागकर उन्हें नष्ट कर दिया और अमेरिका के हालिया आक्रमणों का निर्णायक व करारा जवाब दिया।
आक्रामक दुश्मन, जिसके स्वभाव में वादाखिलाफी और प्रतिबद्धता-भंग है, ने IRGC नौसेना द्वारा एक उल्लंघनकारी जहाज का मुकाबला करने के बहाने आज सुबह-सुबह इस्लामिक गणराज्य के पाँच तटीय ठिकानों पर हमला किया था।
इस्लामाबाद समझौते के अनुसार हुर्मुज़ जलडमरूमध्य में आवागमन के नियंत्रण की व्यवस्था इस्लामिक गणराज्य के साथ है और अब से उल्लंघन करने वाले जहाजों के साथ पहले से अधिक कठोरता से निपटा जाएगा और दुश्मन के किसी भी संभावित आक्रमण का, चाहे वह किसी भी बहाने से हो और भले ही वह कल रात और आज रात की तरह महत्वहीन लक्ष्यों पर हमला हो, कठोर जवाब दिया जाएगा।
दुश्मन को पता होना चाहिए कि युद्धविराम का उल्लंघन, इस्लामाबाद समझौते के पहले खंड के विपरीत है और इसके परिणामस्वरूप पूरी प्रक्रिया रुक जाएगी।
इस बीच IRGC नौसेना कमान ने भी अपने सोशल मीडिया पेज पर लिखा:
"अमेरिका की सीरिक पर अंधाधुंध गोलीबारी, हुर्मुज़ जलडमरूमध्य पर हमारी निगरानी के मामले को हल नहीं करेगी लेकिन उल्लंघनकर्ताओं पर हमारी गोलीबारी शेष जहाजों को पारगमन का स्पष्ट मार्ग याद दिलाएगी।"
IRGC नौसेना कमान ने चेतावनी दी:
"क्षेत्र में अमेरिकी अड्डों का हिसाब अलग है और वे इन दिनों नर्क का अनुभव करेंगे।" mm