क़ज़्ज़ाकिस्तान बंदर अब्बास में लंगर डालेगा
-
सेरिक ज़ुमांगारिन, कज़ाकिस्तान के उप प्रधानमंत्री और अर्थव्यवस्था मंत्री
पार्स टुडे – क़ज़्ज़ाकिस्तान के उप प्रधानमंत्री और अर्थव्यवस्था मंत्री ने दक्षिणी ईरान के बंदर अब्बास के शहीद रजाई बंदरगाह में एक कार्गो टर्मिनल बनाने की अपने देश की योजना की सूचना दी और कहा: "यह परियोजना, क़ज़्ज़ाकिस्तान के दक्षिण और दक्षिण-पूर्व एशिया के बाजारों में निर्यात को विकसित करने के उद्देश्य से निजी क्षेत्र के निवेश से कार्यान्वित की जाएगी।"
पार्स टुडे के अनुसार 'सेरिक ज़ुमांगारिन' ने क़ज़्ज़ाकिस्तान की संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक के दौरान कहा:
" क़ज़्ज़ाकिस्तान का इरादा शहीद रजाई बंदरगाह में 15 हेक्टेयर क्षेत्र में माल उतारने, चढ़ाने और पारगमन के लिए एक टर्मिनल बनाने का है।"
ज़ुमांगारिन ने यह कहते हुए कि "यह टर्मिनल कज़ाकिस्तान के विभिन्न प्रकार के माल के निर्यात की सुविधा प्रदान करेगा " कहा:
"यह परियोजना इस देश की दक्षिण और दक्षिण-पूर्व एशिया के बाजारों तक सीधी पहुँच को सुविधाजनक बनाएगी।"
कज़ाकिस्तान के उप प्रधानमंत्री ने तुर्कमेनिस्तान और ईरान के रास्ते रेल मार्ग की उपस्थिति का उल्लेख करते हुए कहा:
"यह मार्ग अक्ताऊ बंदरगाह से शुरू होता है और तुर्कमनिस्तान तथा अत्रक और सरख्स सीमा पार से गुज़रने के बाद फार्स की खाड़ी और बंदर अब्बास से जुड़ता है।"
उन्होंने स्पष्ट किया:
"यह परिवहन गलियारा, कज़ाकिस्तान को भारत, पूर्वी अफ्रीका, फार्स की खाड़ी के देशों और दक्षिण-पूर्व एशिया के बाजारों तक पहुँच प्रदान करता है और इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य इन्हीं क्षमताओं का लाभ उठाना है।"
ज़ुमांगारिन ने इस टर्मिनल के माध्यम से निर्यात किए जाने वाले माल के बारे में एक प्रश्न के उत्तर में कहा:
"सभी प्रकार के माल को इस मार्ग से निर्यात किया जा सकता है।"
ज़ुमांगारिन के अनुसार:
"दक्षिणी ईरान का चाबहार बंदरगाह, जो हुर्मुज़ जलडमरूमध्य के बाहर स्थित है, का उपयोग क्षेत्रीय व्यापार और परिवहन के विकास के लिए एक महत्वपूर्ण और वैकल्पिक मार्ग के रूप में किया जा सकता है। इसके अलावा ईरान ने चाबहार बंदरगाह में कज़ाकिस्तान की गतिविधियों के लिए आधार प्रदान करने की अपनी तैयारी की घोषणा की है; एक बंदरगाह जो दक्षिण और दक्षिण-पूर्व एशिया के बाजारों तक सीधी पहुँच प्रदान करता है।" mm