आतंकवाद से संघर्ष के पश्चिम गठजोड़ पर ईरानी रक्षा मंत्री की टिप्पणी
ईरान के रक्षा मंत्री ने कहा है कि क्षेत्र में आतंकवाद से संघर्ष के लिए पश्चिम की ओर से बनाया गया गठबंधन, एक दिखावटी और धूर्ततापूर्ण क़दम है।
ब्रिगेडियर जनरल हुसैन दहक़ान ने रशिया टूडे टीवी चैनल से बात करते हुए कहा कि पश्चिम वालों का इराक़ व सीरिया में आतंकवाद से संघर्ष का कोई इरादा नहीं है। आज क्षेत्र के लिए जिस चीज़ की सबसे अधिक ज़रूरत है वह शांति व स्थिरता की स्थापाना और बिना किसी भेदभाव और वर्गीकरण के सभी आतंकी गुटों का जड़ से सफ़ाया है। सीरिया में आतंकी गुटों से संघर्ष, हलब की स्थिति स्पष्ट होने और इस अहम एवं रणनैतिक शहर की स्वतंत्रता के बाद एक संवेदनशील चरण में पहुंच गया है। इस विजय का रणनैतिक महत्व है जिसका प्रभाव सीरिया के परिवर्तनों से कहीं अधिक है। इसी कारण आतंकी गुटों के चंगुल से हलब शहर की मुक्ति को राजनैतिक हल्क़े अधिक संवेदनशीलता से देख रहे हैं क्योंकि इस विजय ने सीरिया संकट के समाधान के लिए राजनैतिक वार्ता पुनः आरंभ होने जैसे अगले क़दमों का मार्ग प्रशस्त कर दिया है।
ईरान, रूस और तुर्की इस समय सैद्धांतिक रूप से इस बात पर सहमत हो चुके हैं कि सीरिया की अखंडता और राष्ट्रीय एकता की रक्षा, प्रजातंत्र और जनता के मतों के अनुसार इस देश के भविष्य का निर्धारण, लोगों के जनसंहार को रोकना, बेघर लोगों की अपने घरों की ओर वापसी में मदद एेस काम हैं जिन्हें सीरिया संकट सहित क्षेत्रीय संकटों के हल के लिए अंजाम देना ही होगा। जो बात निश्चित है वह यह है कि ईरान, क्षेत्रीय देशों के अधिकारों के अनुसार आपसी सहयोग की नीति के परिप्रेक्ष्य में इराक़ व सीरिया की समस्याओं के बारे में अपने प्रयास जारी रखेगा और वह सदैव इस बात पर बल देता है कि आतंकवाद से सही अर्थ व सही रूप में संघर्ष जारी रहना चाहिए। (HN)