क्षेत्रीय संकटों का सैन्य समाधान नहीं हैः विदेशमंत्री
इस्लामी गणतंत्र ईरान के विदेशमंत्री मुहम्मद जवाद ज़रीफ़ ने दोहा में क़तर नरेश से मुलाक़ात में बल दिया कि क्षेत्र के किसी भी संकट का सैन्य समाधान नहीं है और समस्त पक्षों को शांतिपूर्ण समाधान के लिए वार्ताओं पर प्रतिबद्ध रहना चाहिए।
प्राप्त रिपोर्ट के अनुसार ईरान के विदेशमंत्री मुहम्मद जवाद ज़रीफ़ ने मंगलवार को दोहा में क़तर नरेश शैख़ तमीम बिन हमद आले सानी से मुलाक़ात में क्षेत्र की संवेदनशील स्थिति और झड़पों और विवादों से होने वाले नुक़सानों की ओर संकेत करते हुए कहा कि ईरान का यह मानना है कि समस्त पक्षों को क्षेत्र की शांति और सुरक्षा के लिए सामूहिक प्रयास करने चाहिए।
श्री जवाद ज़रीफ़ ने बल दिया कि ईरान की सैद्धांतिक नीति, अपने पड़ोसियों के साथ अच्छे संबंध रखना है। उन्होंने आशा व्यक्त की है कि समस्त क्षेत्रों में ईरान और क़तर के द्विपक्षीय संबंध और अधिक विस्तृत होंगे और दोनों देशों की सरकारी संस्थाओं को व्यापारिक और आर्थिक अवसरों से लाभ उठाने के लिए दोनों देशों की जनता और निजी विभाग को अधिक से अधिक सुविधाएं उपलब्ध करानी चाहिए।
इस मुलाक़ात में क़तर नरेश शैख़ तमीम बिन हमद आले सानी ने क्षेत्रीय मामलों के बारे में ईरान के दृष्टिकोणों का स्वागत करते हुए जारी संकटों के समाधान के लिए शांतिपूर्ण मार्गों की प्राप्ति की आवश्यकता पर बल दिया और कहा कि ईरान सहित क्षेत्रीय देशों के साथ निरंतर परामर्श और विचार विमर्श एक अटल ज़रूरत है।
ज्ञात रहे कि ईरान के विदेशमंत्री सोमवार को ओमान की राजधानी मसक़तके दौरे पर थे जहां उन्होंने इस देश के नरेश और विदेशमंत्री से महत्वपूर्ण क्षेत्रीय व अंतर्राष्ट्रीय मुद्दों पर विचार विमर्श किया था। (AK)