आतंकवाद से खेलना अमरीका की रणनीति हैः लारीजानी
ईरान के संसद सभापति ने कहा है कि आतंकवाद से खेलना अमरीका की रणनीति है और वह अपने हथियारों को बेचने के लिए मध्यपूर्व के क्षेत्र में संकट जारी रहने को ज़रूरी समझता है।
डाॅक्टर अली लारीजानी ने शुक्रवार को रूस के सेंट पीटर्ज़बर्ग नगर में सामूहिक सुरक्षा संधि संगठन की दसवीं आम सभा में कहा कि मध्यपूर्व व संसार के अन्य क्षेत्रों में अमरीका का क्रियाकलाप संकट और अस्थिरता पैदा करने पर आधारित है जिससे पता चलता है कि हमें अपने अपने क्षेत्रों में अमरीका व नैटो की उपस्थिति के बारे में संवेदनशील होना चाहिए। उन्होंने आतंकवाद और हिंसक चरमपंथ को संसार के लिए एक विध्वंसक ख़तरा बताते हुए कहा कि सीरिया, यमन, इराक़, अफ़ग़ानिस्तान और लीबिया जैसे देशों में हज़ारों निर्दोष लोगों का हताहत व घायल और दसियों लाख लोगों का बेघर होना आतंकवाद व चरमपंथ के परिणामों में से एक है।
ईरान के संसद सभापति ने कहा कि एक पथभ्रष्ट मत के रूप में तकफ़ीरी व वहाबी विचारधारा अब भी संसार के विभिन्न क्षेत्रों में आतंकी रुझान रखने वालों की मुख्य प्रेरक है। डाॅक्टर लारीजानी ने कहा कि ईरान, रूस और क्षेत्र के कुछ देशों के साझा प्रयासों से दाइश और अन्य आतंकी गुट कमज़ोर हो गए हैं लेकिन कुछ लोग, जो मध्यपूर्व में तनाव जारी रहने में ही अपने हित खोजते हैं, क्षेत्र में संकटों को पृथकतावाद समेत अन्य रूपों में जारी रखने की कोशिश कर रहे हैं। (HN)