रक्षा क्षमता रेड लाइन हैः सेना प्रवक्ता
इस्लामी गणतंत्र ईरान की सशस्त्र सेना के वरिष्ठ प्रवक्ता ने कहा कि पश्चिम की धमकियों के बावजूद रक्षा क्षमता पर किसी भी प्रकार की कोई वार्ता नहीं होगी।
हमारे संवाददाता की रिपोर्ट के अनुसार ईरान की सशस्त्र सेना के वरिष्ठ प्रवक्ता जनरल सैयद हुसैन जज़ाएरी ने कहा कि आज दुनिया में ईरान को अमरीका और अंतर्राष्ट्रीय ज़ायोनिज़्म जैसे धूर्त शत्रुओं का सामना है और जो राजनैतिक और विभिन्न प्रकार के दबाव डाले जा रहे हैं वह ईरान की रक्षा प्रगति को रोकने के लिए है जिस पर ध्यान दिए बिना ईरान अपनी प्रगति और विकास के मार्ग को जारी रखेगा।
उन्होंने यह बयान करते हुए कि देशों के मीज़ाइलों को सीमित करने के लिए किसी भी प्रकार का कोई अंतर्राष्ट्रीय समझौता नहीं है, कहा कि परमाणु ऊर्जा के मामले और मीज़ाइल व रक्षा मामले में बहुत अंतर है और ईरान अपनी सैन्य और रक्षा समझौता पर न तो कभी वार्ता करेगा और न ही इस मुद्दे पर वार्ता की मेज़ पर जाएगा।
सैयद मसऊद जज़ाएरी ने इराक़ और सीरिया में ईरान के सलाहकारों की उपस्थिति के बारे में कहा कि क्षेत्र के कुछ देशों में ईरानी सलाहकारों की उपस्थिति इन देशों की सरकार की औपचारिक अपील पर है और यह पूर्ण रूप से क़ानूनी है और जब तक यह सरकारें समझेंगी ईरान अपनी सहायता में किसी भी प्रकार का कोई संकोच नहीं करेगा।
ईरान की सशस्त्र सेना के वरिष्ठ प्रवक्ता ने अमरीका को दुनिया का सबसे बड़ा आतंकी स्रोत बताया और कहा कि क्षेत्र में अमरीका की सैन्य उपस्थिति प्राॅक्सी वार्ता के समर्थन के लिए है जिसे उन्होंने छेड़ रखा है। (AK)