ब्रिटेन अब भी यमन के युद्ध में अतिक्रमणकारियों के ही साथः क़ासेमी
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा है कि ब्रिटेन अब भी यमन के युद्ध में अतिक्रमणकारियों का ही साथ दे रहा है।
बहराम क़ासेमी ने कहा है कि यमन युद्ध को समाप्त कराने के दावों के बावजूद ब्रिटेन अब भी अतिक्रमणकारियों का ही समर्थन कर रहा है। बहराम क़ासेमी ने तेहरान में रविवार को संवाददाता सम्मेलन में कहा कि यमन युद्ध के बारे में ब्रिटेन की नीति उचित नहीं हैं क्योंकि एक ओर वह इस युद्ध को समाप्त कराने के हित में है और दूसरी और अतिक्रमणकारियों का समर्थन भी कर रहा है।
उन्होंने उत्तरी सीरिया में तुर्की के सैनिकों के प्रवेश के संबन्ध में ईरान और तुर्की के बीच मतभेद के बारे में कहा कि ईरान, तुर्की और रूस के राष्ट्रपतियों की वार्ता में यह तै पाया है कि तीनों देशों के राष्ट्रपति मई में तुर्की में भेंटवार्ता करेंगे और इस बीच ईरान तुर्की और रूस के विदेशमंत्री इस संदर्भ में वार्ताएं करते रहेंगे।
बहराम क़ासेमी ने विदेशमंत्री जवाद ज़रीफ़ की हालिया रूस यात्रा और क्षेत्रीय मामलों में माॅस्को से मध्यस्तता की संभावित मांग के बारे में कहा कि क्षेत्र में रूस की भूमिका के दृष्टिगत एेसा लगता है कि उसके प्रयास सफल सिद्ध होंगे।
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने क्षेत्रीय विषयों के बारे में ईरान तथा यूरोप के बीच वार्ता के संबन्ध में कहा कि इस्लामी गणतंत्र ईरान, समस्त विषयों पर क्षेत्रीय और अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर वार्ता करने के लिए तैयार है।
बहराम क़ासेमी ने यमन के बारे में संयुक्त राष्ट्रसंघ की महासभा की आज की बैठक के बारे में कहा कि ईरान का मानना है कि यमन में युद्ध तत्काल रुकना चाहिए और केवल प्रस्ताव पारित करने से यमन में शांति व स्थिरता उत्पन्न नहीं हो सकती।