ज़ायोनियों के अपराध का जवाब ज़रूर दिया जाएगाः विलायती
अंतर्राष्ट्रीय मामलों में इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता के सलाहकार ने बल देकर कहा है कि सीरिया के टी-4 एयरबेस में किया गया ज़ायोनियों का अपराध निरुत्तर नहीं रहेगा।
डाॅक्टर अली अकबर विलायती ने बुधवार को दमिश्क़ में इरना से बात करते हुए इस हमले के बारे में कहा कि इस्लामी जगत के दुश्मनों को यह समझ लेना चाहिए कि इस प्रकार का अतिक्रमण उनकी कमज़ोरी को दर्शाता है और निश्चित रूप से इसका कड़ा जवाब दिया जाएगा। सोमवार को सीरिया के टी-4 एयर बेस पर मीज़ाइल हमला हुआ था और इस्राईल के युद्धमंत्री लेबरमैन ने स्वीकार किया था कि इस हमले में तेल अवीव का हाथ है।
अंतर्राष्ट्रीय मामलों में इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता के सलाहकार डाॅक्टर विलायती ने इसी तरह अमरीका द्वारा सीरियाई सरकार पर दूमा के क्षेत्र में रासायनिक हमले का आरोप लगाए जाने के बारे में कहा कि सीरिया की सरकार कई साल पहले ही अपने सभी रासायनिक हथियार अंतर्राष्ट्रीय संस्थाओं के हवाले कर चुकी है और उसके ख़ाली गोदामों का अंतर्राष्ट्रीय संस्थाओं ने निरीक्षण करके इस बात की पुष्टि कर दी थी कि अब दमिश्क़ सरकार के पास कोई रासायनिक हथियार नहीं है।
डाॅक्टर विलायती ने कहा कि सीरियाई सेना ने पूर्वी ग़ोता में आतंकियों को पराजित करके एक बड़ी विजय प्राप्त की है और सात साल बाद दमिश्क़ के आस-पास पूरी सुरक्षा स्थापित हुई है, यही कारण है कि अमरीका और उसके घटक सीरिया में अपनी पराजय पर पर्दा डालने के लिए नया षड्यंत्र रच रहे हैं। (HN)