ईरानः आतंक की 77 साज़िशें नाकाम
इस्लामी क्रांति संरक्षक बल के एक कमांडर ने बताया है कि मार्च 2018 से अब तक देश की पश्चिमी व पश्चिमोत्तरी सीमा पर दुश्मनों की ओर से आतंकी हमले की 77 कोशिशों को नाकाम बना दिया गया ।
ब्रिगेडियर जनरल अमीर अली हाजीज़ादे ने कहा कि सऊदी अरब, यूएई और ज़ायोनी शासन की मुफ्त की दौलत भी ईरान में अशांति फैलाने में पूरी तरह से नाकाम रही है।
उन्होंने बल दिया कि ईरान की सशस्त्र सेना की वजह से दुश्मनों की हर साज़िशा नाकाम हुई है।
उन्होंने कहा कि ईरान ने सैन्य और सामरिक उत्पादों के क्षेत्र में अभूतपूर्व सफलताएं प्राप्त की हैं।
ब्रिगेडियर जनरल अमीर अली हाजीज़ादे ने अमरीका की ओर से लागू किये गये प्रतिबंधों का उल्लेख करते हुए कहा कि ईरान पर क्रांति के आरंभिक वर्षों में हथियारों के आयात पर प्रतिबंध लगाया गया था और आज उसके हथियारों के निर्यात पर प्रतिबंध लगाया गया है।
याद रहे इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता आयतुल्लाहिल उज़मा सैयद अली ख़ामेनई ने 31 अगस्त सन 2016 में ईरान के रक्षा मंत्रालय के अधिकारियों के साथ एक बैठक में रक्षा व आक्रमण शक्ति में वृद्धि को इ्सलामी गणतंत्र ईरान का कानूनी अधिकार बताया था।
वरिष्ठ नेता ने कहा था कि एेसी दुनिया में जिसमें वर्चस्ववादी शक्तियां अन्य देशों पर हमले और बेगुनाहों के जनसंहार में तनिक भी संकोच नहीं करतीं, रक्षा व आक्रामकता शक्ति को बढ़ाना स्वाभाविक है क्योंकि जब तक इन शक्तियों को ईरान की ताक़त का आभास नहीं होगा, देश में सुरक्षा नहीं आएगी। (Q.A.)