पाकिस्तानी विदेशमंत्री का तेहरान दौरा, महत्वपूर्ण क्षेत्री मुद्दों पर विचार विमर्श
पाकिस्तान के विदेशमंत्री शाह महमूद क़ुरैशी ने अपने क्षेत्री दौरे के दूसरे पड़ाव के तहत तेहरान का दौरा किया और अपने ईरानी समकक्ष मुहम्मद जवाद ज़रीफ़ से मुलाक़ात में महत्वपूर्ण क्षेत्रीय व अंतर्राष्ट्रीय मुद्दों, आपसी रुचि के विषयों तथा द्विपक्षीय मामलों पर विचार विमर्श किया।
इस मुलाक़ात में दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों में विस्तार के मार्गों के अतिरिक्त विभिन्न महत्वपूर्ण क्षेत्रीय व अंतर्राष्ट्रीय विषयों पर भी विचार विमर्श किया। पाकिस्तान के विदेशमंत्री ने अपने तेहरान दौरे से पहले काबुल का भी दौरा किया था जहां उन्होंने अफ़ग़ान अधिकारियों से मुलाक़ात की और विभिन्न मुद्दों पर विचार विमर्श किया। तेहरान के दौरे के बाद पाक विदेशमंत्री चीन के लिए रवाना हो गये जिसके बाद वह रूस का दौरा करेंगे।
इस्लामी गणतंत्र ईरान ने हमेशा से ही पड़ोसी के साथ क्षेत्रीय सहयोग और लेनदेन को मज़बूत किए जाने पर विशेष रूप से ध्यान दिया है। इसी परिधि में पाकिस्तान के संबंधों को मज़बूत करना, ईरान के लिए एक प्राथमिकता रही है। इस्लामाबाद से सांस्कृतिक, आर्थिक और राजनैतिक संबंधों को विस्तृत करने पर आधारित ईरान की विदेश नीति, इसी परिधि में रही है। यह सहयोग दोनों देशों को एक दूसरे से अधिक से अधिक निकट लाने का कारण बन सकते हैं और क्षेत्रीय स्तर पर अधिक सुरक्षा सहयोग के लिए भूमिका प्रशस्त कर सकता है। क्षेत्र में बढ़ती अशांति और क्षेत्र में आतंकवादी गुटों की बढ़ती गतिविधियों के दृष्टिगत यह सहयोग एक अटल सच्चाई बन गया है।
ईरान की पाकिस्तान के साथ 900 किलोमीटर संयुक्त सीमा है किन्तु खेद की बात यह है कि ईरान के सीमावर्ती क्षेत्रों में कई बार पाकिस्तान के भीतर से आए आतंकवादी हमले हुए और आतंकवादी हमले करने के बाद पाकिस्तान भाग जाते हैं। पाकिस्तान की धरती से आने वाले आतंकवादियों के हमले में अब तक ईरान के कई सीमा सुरक्षा बल के जवान शहीद हो ुचके हैं। बहरहाल पाकिस्तान को अपने सीमा क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को कड़ा करना चाहिए ताकि आतंकवादी अपने षड्यंत्रों में सफल न हो सकें। (AK)