ईरान और भारत अब नहीं करेंगे अमेरिकी प्रतिबंधों की परवाह
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ईरान के विदेश मंत्री "मोहम्मद जवाद ज़रीफ़" सोमवार रात एक उच्चस्तरीय राजनीतिक एवं आर्थिक प्रतिनिधिमंडल के साथ भारत के लिए रवाना हुए।
(last modified 2023-04-09T02:55:50+00:00 )
Jan ०७, २०१९ १७:०९ Asia/Kolkata
  • ईरान और भारत अब नहीं करेंगे अमेरिकी प्रतिबंधों की परवाह

ईरान के विदेश मंत्री "मोहम्मद जवाद ज़रीफ़" सोमवार रात एक उच्चस्तरीय राजनीतिक एवं आर्थिक प्रतिनिधिमंडल के साथ भारत के लिए रवाना हुए।

इस्लामी गणतंत्र ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता बहराम क़ासेमी ने बताया है कि सोमवार को देश के विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ एक उच्चस्तरीय राजनीतिक एवं आर्थिक प्रतिनिधिमंडल के साथ भारत यात्रा पर रवाना हो रहे हैं। उन्होंने बताया कि इस दौरे के दौरान श्री जवाद ज़रीफ़ भारत के उच्च अधिकारियों से भेंटवार्ता करेंगे और कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर बातचीत के साथ-साथ कई समझौतों पर हस्ताक्षर भी होंगे। बहराम क़ासेमी ने बताया कि विदेश मंत्री दोनों देशों की संयुक्त बैठक और रायसीना अंतर्राष्ट्रीय कान्फ्रेंस को भी संबोधित करेंगे।

भारतीय मीडिया की रिपोर्टों के अनुसार मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ अपने भारत दौरे के दौरान भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी समकक्ष सुष्मा स्वराज और भारत के पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्री से भी मुलाक़ात करेंगे। ईरान के विदेश मंत्री भारतीय अनुसंधान पर्यवेक्षक फाउंडेशन के तहत आयोजित होने वाले अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन रायसीना को भी संबोधित करेंगे। याद रहे कि दुनिया भर के नेता, व्यापार, मीडिया, वैश्विक नीतियों और सिविल सोसायटी के संबंध में वार्षिक रायसीना सम्मेलन में भाग लेते हैं।

भारतीय मीडिया का कहना है कि मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ ऐसे समय में भारत का दौरा कर रहे हैं कि जब नई दिल्ली ने इस्लामी गणतंत्र ईरान और अमेरिका के बीच चल रहे विवादों  के समाधान पर मध्यस्थता की भूमिका निभाने के लिए अपनी इच्छा व्यक्त की है।

उल्लेखनीय है कि ईरानी विदेश मंत्री अपने प्रतिनिधिमंडल के साथ मंगलवार को भारतीय उद्योग कंडरेशन द्वारा आयोजित की गई कान्फ्रेंस की व्यापारिक बैठक में भाषण देंगे जिसका उद्देश्य ईरान विरोधी अमेरिकी प्रतिबंधों के बाद द्विपक्षीय व्यापार में भारतीय राष्ट्रीय मुद्रा रुपए का इस्तेमाल और भारत में ईरानी कंपनियों द्वारा किए जाने वाले निवेश के अवसरों पर चर्चा करना है।

ज्ञात रहे कि ईरान, अप्रैल से जून तक सऊदी अरब के मुक़ाबले में भारत को तेल निर्यात करने वाला तीसरा सबसे बड़ा देश बन गया है। भारत ने अप्रैल वर्ष 2018 में ईरान से 11 अरब डॉलर का तेल और ग़ैर तेल उत्पादों का आयात किया है। (RZ)