तेहरान व दमिश्क़ के संबंध बंधुत्व व एकता पर आधारित हैंः रूहानी
https://parstoday.ir/hi/news/iran-i73079-तेहरान_व_दमिश्क़_के_संबंध_बंधुत्व_व_एकता_पर_आधारित_हैंः_रूहानी
राष्ट्रपति ने इस बात का उल्लेख करते हुए कि इस्लामी गणतंत्र ईरान पहले की तरह भविष्य में भी सीरिया की जनता व सरकार के साथ खड़ा रहेगा, कहा है कितेहरान व दमिश्क़ के संबंध बंधुत्व व एकता पर आधारित हैं।
(last modified 2023-04-09T02:55:50+00:00 )
Feb २६, २०१९ ०४:३२ Asia/Kolkata
  • तेहरान व दमिश्क़ के संबंध बंधुत्व व एकता पर आधारित हैंः रूहानी

राष्ट्रपति ने इस बात का उल्लेख करते हुए कि इस्लामी गणतंत्र ईरान पहले की तरह भविष्य में भी सीरिया की जनता व सरकार के साथ खड़ा रहेगा, कहा है कितेहरान व दमिश्क़ के संबंध बंधुत्व व एकता पर आधारित हैं।

डाॅक्टर हसन रूहानी ने सोमवार की शाम तेहरान में अपने सीरियाई समकक्ष बश्शार असद से मुलाक़ात में आतंकवादियों पर सीरिया की जनता, सरकार व सेना की विजयों को अहम व मूल्यवान बताया और कहा कि आतंकवाद से संघर्ष के मार्ग में ईरान हमेशा सीरिया के साथ खड़ा रहा है और उसने इस संबंध में हर संभव मदद की है। उन्होंने इस बात की तरफ़ इशारा करते हुए कि ईरान, सीरिया के पुनर्निर्माण की प्रक्रिया में भाग लेने के लिए तैयार है, कहा कि तेहरान, सीरिया की स्थिरता, शरणार्थियों की वापसी और आंतरिक राजनीति की प्रक्रिया में भी दमिश्क़ के साथ खड़ा रहेगा। ईरान के राष्ट्रपति ने सीरिया के अधिकतर क्षेत्रों में सुरक्षा की स्थिति बेहतर होने पर प्रसन्नता प्रकट करते हुए कहा कि रूस के सूची शहर में आयोजित होने वाले ईरान, रूस व तुर्की के राष्ट्राध्यक्षों के हालिया सम्मेलन में सीरिया की अखंडता की रक्षा पर बल दिया गया और इस देश की सरकार की अनुमति के बिना अमरीकी व विदेशी सैनिकों की उपस्थिति की निंदा की गई।

 

इस मुलाक़ात में सीरिया के राष्ट्रपति बश्शार असद ने कहा कि उनके देश की सरकार और जनता, आतंकवाद से संघर्ष और इसी तरह सीरिया व क्षेत्र में शांति व सुरक्षा की रक्षा के मार्ग में ईरान के वरिष्ठ नेतृत्व, सरकार व राष्ट्र के भरपूर समर्थन की हमेशा आभारी रहेगी। उन्होंने कहा कि मैंने आभार प्रकट करने के लिए ही तेहरान की यात्रा की है। बश्शार असद ने बताया कि आज सीरिया की सुरक्षा व स्थिरता पहले की तुलनता में अधिक मज़बूत हो चुकी है। उन्होंने कहा कि सीरिया में राजनैतिक प्रक्रिया एेसी दिशा में बढ़नी चाहिए कि देश की अखंडता व स्वाधीनता की रक्षा के साथ केवल राष्ट्र का इरादा ही देश में राज करे। (HN)