अमरीकी सेनेटर से ज़रीफ़ की भेंट पर प्रतिक्रिया
ईरान के विदेश मंत्रालय ने विदेशमंत्री जवाद ज़रीफ़ की अमरीकी सेनेटर से मुलाक़ात पर प्रतिक्रिया व्यक्त की है।
सैयद अब्बास मूसवी ने कहा है कि इस प्रका की भेंट का उद्देश्य ग्रुप-बी जैसे गुटों के दबाव को कम करना है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि ईरानी विदेशमंत्री की अमरीका में भेंटवार्ताओं का लक्ष्य वहां के जनमत को ग्रुप-बी के दबाव से सुरक्षित करना है। एक अमरीकी सेनेटर से जवाद ज़रीफ़ की भेंटवार्ता के बारे में अब्बास मूसवी ने कहा कि इस्लामी गणतंत्र ईरान की नीतियों को स्पष्ट करने के उद्देश्य से पिछले दो दशकों के दौरान अमरीकी बुद्धिजीवियों और ग़ैर सरकारी लोगों से विचार-विमर्श होता रहा है। उन्होंने कहा कि यह लोग न तो सरकारी अधिकारी हैं और न ही उनको वार्ता करने का अधिकार प्राप्त है। इन लोगों से न तो ईरानी अधिकारियों ने वार्ताए की हैं और न ही करेंगे।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अब्बास मूसवी ने स्पष्ट किया कि इस प्रकार की भेंटवार्ताओं का उद्देश्य, ग्रुप-बी जैसे गुटों के दबाव के प्रभाव से अमरीकी समाज और वहां के जनमत को अवगत करवाना है। उन्होंने कहा कि इसीलिए इसपर अतिवादियों की ओर से तीव्र प्रतिक्रियाएं आ रही हैं।
ज्ञात रहे कि इससे पहले ईरान के विदेशमंत्री जवाद ज़रीफ़ कह चुके हैं कि अमरीका के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जाॅन बोल्टन, अवैध ज़ायोनी शासन के प्रधानमंत्री नेतनयाहू, सऊदी अरब के युवराज मुहम्मद बिन सलमान और संयुक्त अरब इमारात के युवराज मुहम्मद बिन ज़ायद पर आधारित गुट का यह प्रयास है कि मध्यपूर्व में सैन्य टकराव करवाया जाए।