शत्रु के षडयंत्रों के बावजूद हम आगे बढ़ते रहेंगेः रूहानी
https://parstoday.ir/hi/news/iran-i84011-शत्रु_के_षडयंत्रों_के_बावजूद_हम_आगे_बढ़ते_रहेंगेः_रूहानी
राष्ट्रपति डाक्टर हसन रूहानी ने कहा है कि शत्रुओं के दशकों के षडयंत्रों के बावजूद ईरान, प्रगति के मार्ग पर आगे बढ़ता ही रहेगा।
(last modified 2023-04-09T02:55:50+00:00 )
Feb ११, २०२० १२:४३ Asia/Kolkata
  • शत्रु के षडयंत्रों के बावजूद हम आगे बढ़ते रहेंगेः रूहानी

राष्ट्रपति डाक्टर हसन रूहानी ने कहा है कि शत्रुओं के दशकों के षडयंत्रों के बावजूद ईरान, प्रगति के मार्ग पर आगे बढ़ता ही रहेगा।

हसन रूहानी ने इस्लामी क्रांति की 41वीं वर्षगांठ के अवसर पर अपने संबोधन में कहा कि पिछले 41 वर्षों से अमरीका, ईरान वापसी की इच्छा में रहा है।  उन्होंने कहा कि इस्लामी क्रांति के साथ ही अमरीका को ईरान से निकाल बाहर करने का काम अमरीकी अधिकारियों के लिए अब भी स्वीकार्य नहीं है।

राष्ट्रपति रूहानी ने विश्व विशेषकर स्वतंत्रता प्रेमियों पर इस्लामी क्रांति के पड़ने वाले प्रभाव की ओर संकेत करते हुए कहा कि इस्लामी क्रांति की जनशक्ति के कारण ही अमरीका और ज़ायोनी शासन, ईरान के कट्टर विरोधी हैं।उन्होंने कहा कि ईरान ने दूसरों पर निर्भरता के स्थान पर स्वावलंबन को अपनाया।  राष्ट्रपति का कहना था कि अमरीका की विध्वंसक कार्यवाहियां, ने केवल क्षेत्रीय राष्ट्रों के लिए हानिकारक हैं बल्कि वे स्वयं अमरीकी जनता के लिए भी नुक़सानदेह हैं।  उनका कहना था कि चार दशकों के गुज़र जाने के बावजूद अमरीकी, ईरानी राष्ट्र की महानता को समझ नहीं सके हैं।  डाक्टर हसन रूहानी ने कहा कि अमरीका के ग़ैर क़ानूनी प्रतिबंधों के मुक़ाबले ईरान की इस्लामी क्रांति के वरिष्ठ नेता के नेतृत्व में ईरान की सशस्त्र सेना, तीनों पालिकाएं और देश की जनता एकजुट है और आगे भी रहेगी।

हसन रूहानी का कहना था कि शहीद जनरल क़ासिम सुलैमानी ने इराक़, सीरिया और लेबनान की जनता की सहायता से क्षेत्र में स्थाइत्व पैदा किया।

ज्ञात रहे कि मंगलवार 11 फ़रवरी को ईरान की इस्लामी क्रांति की सफलता की 41वीं वर्षगांठ पर देश व्यापी रैलियां निकाली गईं जिनमें भारी ठंड के बावजूद लाखों की संख्या में लोगों ने भाग लिया।