18 अक्तूबर, अमरीका की पराजय का दिनः ख़तीबज़ादे
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने बताया है कि 18 अक्तूबर से ईरान से हथियारों के प्रतिबंध हटा लिए जाएंगे।
ख़तीबज़ादे ने स्पष्ट किया कि 18 अक्तूबर, अमरीका की पराजय का दिन है। उन्होंने कहा कि 18 अक्तूबर को संयुक्त राष्ट्र संघ के हथियारों के प्रतिबंध ख़त्म होंगे और साथ ही देश के 23 लोगों पर लगे यात्रा प्रतिबंध भी हट जाएंगे। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने बताया कि अपने तमाम षडयंत्रों के बावजूद अमरीका, ईरान विरोधी अपने लक्ष्य को हासिल नहीं कर सका। उन्होंने कहा कि इससे यह पता चला कि अमरीका, वैसा नहीं है जैसा अपने आप को दिखाता था।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने बताया कि ईरान अपनी क़ानूनी ज़िम्मेदारी निभाते हुए विश्व शांति को सुनिश्चित कर रहा है। उन्होंने कहा कि हथियारों पर लगे प्रतिबंधों के हटने के बाद जो कुछ होगा वह इस नियम से अलग नहीं है। ख़तीबज़ादे ने बताया कि ईरान के विरुद्ध हथियारों के प्रतिबंध और अमरीकी अमरीकी प्रतिबंधों में अंतर है। उन्होंने अमरीका की ओर से ईरान पर तेल प्रतिबंधों की ओर संकेत करते हुए कहा कि अमरीका ने सपने में भी यह नहीं सोचा था कि ईरान के तेल को बिकने से रोकने के लिए उसने जो चाल चली है वह विफल हो जाएगी। हालांकि ईरान ने कई देशों के साथ अपने काम को जारी रखा।
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ख़तीबज़ादे ने संवाददाता सम्मेलन में नाज़नीन ज़ाग़ेरी के बारे में पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि ईरान की न्याय पालिका स्वतंत्र है। उन्होंने कहा कि न्यायालय के फैसले के हिसाब वे नाज़नीन ज़ाग़ेरी, अपनी सज़ा का वक़्त गुज़ार रही हैं। ज्ञात रहे कि नाज़नीन ज़ागेरी को 4 अप्रैल 2016 को जासूसी के आरोप में गिरफ़्तार किया गया था जो अपनी सज़ा काट रही हैं।