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जम्मू- कश्मीर प्रशासन ने राज्य की जनता का क्यों किया आभार?
Dec २०, २०२० १६:२१कश्मीर के लोगों ने डीडीसी मतदान में भाग लेकर सिद्ध कर दिया कि वे शांति और विकास चाहते हैं
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उत्तर प्रदेश में तानाशाही अपने चरम पर, सीएए-एनआरसी के बाद अब किसान आंदोलनकारियों को मिले नोटिस
Dec १८, २०२० ११:२८भारत के सबसे बड़े राज्य उत्तर प्रदेश में अब ऐसा लगने लगा है कि जैसे भारत का संविधान नहीं बल्कि किसी राजा महाराजा का अपना बनाया क़ानून चलता है। पिछले दिनों मोदी सरकार द्वारा बनाए गए विवादित नागरकिता संशोधन क़ानून के ख़िलाफ़ हुए आंदोलन में शामिल लोगों की जिस तरह परेशान किया जा रहा है वह बात किसी से छिपी नहीं है। अभी भी सीएए और एनआरसी के आंदोलनकारियों के ख़िलाफ़ कार्यवाही का सिलसिला लगातार जारी है, वहीं इस बीच अब योगी सरकार ने किसानों को भी टार्गेट करना शुरू कर दिया है।
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भारत के आंदोलनकारी किसानों को मिला सुप्रीम कोर्ट का साथ, अदालत ने मोदी सरकार से पूछे कई चुभते हुए सवाल!
Dec १८, २०२० ०६:०६भारतीय सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि किसानों को विरोध करने का पूरा अधिकार है और सरकार को उनके ख़िलाफ़ कार्रवाई नहीं करनी चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने प्रस्ताव दिया है कि प्रदर्शन भी चलते रहें और विशेष समिति में किसानों की मांगों पर बातचीत भी।
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किसान और सरकार अपनी- अपनी मांग पर बने हुए हैं और 18 किसानों की मौत से मामला विषम रूप धारण करता जा रहा है
Dec १७, २०२० १६:२५किसान और सरकार अपनी- अपनी मांग पर बने हुए हैं और 18 किसानों की मौत से मामला विषम रूप धारण करता जा रहा है
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भारत के उच्चतम न्यायालय ने जहां वार्ता द्वारा मामले के समाधान का फ़ैसला सुनाया वहीं भारत के पूर्व सैनिकों ने भी किसानों की मांगों का समर्थन कर दिया है
Dec १६, २०२० १६:०४भारतीय किसान अपनी मांगों पर अडिग हैं
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मोदी ने फिर किया नए कृषि क़ानून का बचाव, तो किसान भी विवादित क़ानून के ख़िलाफ़ डटे रहे, दिल्ली से हमारे संवाददाता शमशाद काज़मी की रिपोर्ट
Dec १५, २०२० १६:०१मोदी ने फिर किया नए कृषि क़ानून का बचाव, तो किसान भी विवादित क़ानून के ख़िलाफ़ डटे, दिल्ली से हमारे संवाददाता शमशाद काज़मी की रिपोर्ट
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वीडियो रिपोर्टः नेतनयाहू आख़िर अरब देशों के साथ संबंध सामान्य करने का प्रचार करके किसका और किससे ध्यान भटकाना चाह रहे हैं?
Dec १५, २०२० १५:४८नेतनयाहू प्रदर्शनकारियों को यह समझाने के लिए कुछ ज़्यादा ही कोशिश कर रहे हैं कि वह उनकी सुरक्षा को सुनिश्चित बनाएंगे, लेकिन ऐसा लगता है कि अब कोई रास्ता नहीं बचा है ... इसके बावजूद के प्रदर्शनकारियों का दमन और उनकी गिरफ़्तारियों का सिलसिला जारी है, प्रदर्शनकारी लगातार सड़कों पर डटे हुए हैं। प्रदर्शनकारियों के लिए अरब देशों के साथ संबंध स्थापित होना कोई महत्व नहीं रखता है, वे केवल ...
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ज़ारया नरसंहार की बरसी पर अबूजा में प्रदर्शन, शैख़ इब्राहीम ज़कज़की की रिहाई की मांग में जनता सड़कों पर
Dec १५, २०२० ०८:०९नाइजीरिया में धर्मगुरू शैख़ इब्राहीम ज़कज़की की रिहाई की मांग में फिर प्रदर्शन हुए।
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भारत सरकार किसानों का बहुत सम्मान करती है और किसान भी मोदीजी का सम्मान करते हैं परंतु... रवीशंकर प्रसाद
Dec १४, २०२० १६:२७भारत सरकार किसानों का बहुत सम्मान करती है और किसान मोदीजी का सम्मान करते हैं परंतु... रवीशंकर प्रसाद
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चुनावी गणित का मतलब क़िस्मत सरकार को सौंप देना नहीं...किसानों की हुंकार में भारत सरकार के साथ ही विश्व नेताओं के लिए भी संदेश
Dec १२, २०२० १४:४३भारत में हज़ारों किसान 26 नवम्बर को पैदल और ट्रैक्टर-ट्राली पर पंजाब और हरियाणा से नई दिल्ली की ओर रवाना हो गए और सारी रुकावटों से गुज़रते हुए नई दिल्ली पहुंच गए और राजधानी का घेराव कर लिया। अब इस प्रदर्शन में बहुत सारे सेक्टर शामिल हो गए हैं। 31 से अधिक ट्रेड युनियनों ने प्रदर्शनों का समर्थन किया है।