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ईरान में भी निकली ट्रैक्टर रैली+ वीडियो
Feb ११, २०२१ ११:४५जिस तरह से भारत के किसान तीन कृषि क़ानूनों के विरोध में ट्रैक्टर रैली निकाल रहे हैं उसी तरह ईरान में भी 10 फ़रवरी बराबर 22 बहमन माह को किसानों ने इस्लामी क्रांति की सफलता की 42वीं वर्षगांठ के अवसर पर ट्रैक्टर रैली निकाली।
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कृषि क़ानून किसानों के हित में हैंः भारतीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी
Feb १०, २०२१ १७:३९भारत के प्रधानमंत्री ने कहा है कि वह किसानों से बात करने के लिए तैयार हैं
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कई धमाकों से थर्राया काबुल, कई काल-कवलित, मरने वालों में काबुल का वरिष्ठ सुरक्षा कमांडर भी शामिल
Feb १०, २०२१ १४:१५विस्फ़ोटों से काबुलवासियों में भय व चिंता व्याप्त
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इस्राईली सैनिकों की गोली पांच साल से फ़िलिस्तीनी बंदी के शरीर में है पर आजतक उसे किस वजह से उसके शरीर से नहीं निकाला जा रहा है?
Feb १०, २०२१ १३:४७इस्राईली जेलों में बंद फ़िलिस्तीनी क़ैदियों का उपचार क्यों नहीं किया जाता है इसकी अस्ल वजह क्या है?
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स्वर्गीय इमाम ख़ुमैनी रह. के किस नारे ने ईरानी राष्ट्र के समस्त लोगों को एकजुट कर दिया और किस चीज़ ने ईरान को पश्चिम एशिया का सबसे प्रगतिशील देश बना दिया है?
Feb १०, २०२१ ११:४९ईरानी राष्ट्र के दुश्मन ईरानी वैज्ञानिकों की हत्या करके उसे प्रगति करने से क्यों नहीं रोक सकते?
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विशेष कार्यक्रमः इस्लामी क्रांति की सफलता की 42वीं वर्षगांठ, एक बड़ा अहम और निर्णायक दिन
Feb ०९, २०२१ १६:११22 बहमन वर्ष 1387 हिजरी शमसी बराबर 11 फ़रवरी सन 1979 संसार की घटनाओं के इतिहास के कैलेंडर का एक बड़ा अहम और निर्णायक दिन है। इसी दिन संघर्षकर्ता धर्मगुरू इमाम ख़ुमैनी के नेतृत्व में ईरान की इस्लामी क्रांति सफल हुई थी।
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वीडियो रिपोर्टः इस्राईली समाज के हुए दो फाड़, जेल में लंबी सज़ा के लिए तैयार रहें नेतनयाहू!
Feb ०९, २०२१ १५:४८कड़े सुरक्षा प्रबंधों के बीच अवैध अधिकृत फ़िलिस्तीन के प्रधानमंत्री बिनयमिन नेतनयाहू, बैतुलमुक़द्दस की केन्द्रीय अदालत पहुंचे। मुख्य न्यायाधीश ने रिश्वत लेने, सत्ता के दुरूपयोग, संचार माध्यमों को डराने-धमकाने और धनवान लोगों से उपहार स्वीकार करने जैसे उनके विरुद्ध लगे आरोपों को पढ़कर सुनाया .......वर्तमान समय में इस्राईली समाज, हर स्तर पर दो हिस्सों में बंटा हुआ है। इसका अर्थ क्या है? ...
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वीडियो रिपोर्टः ईरान का नाम सुनकर आप कैसा महसूस करते हैं?
Feb ०९, २०२१ १३:३७पिछले 42 वर्षों से अर्थात इस्लामी क्रांति की सफतला के समय से ही ईरान के अतिरिक्त संसार के कई देशों में लोग भी इससे खुश हुए और वे हर साल फरवरी के महीने में इस संबन्ध में विशेष समारोह आयोजित करते आ रहे हैं ......... यह भारत का पूर्वोतरी क्षेत्र है जो एशिया की छत के नाम से प्रसिद्ध है। इस्लामी गणतंत्र ईरान के प्रति यहां के लोगों का प्रेम किसी से ठका-छिपा नहीं है। नई दिल्ली में हमने लोगों से पूछा कि ईरान का नाम सुनकर आप कैसा महसूस करते हैं ...
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आज की बातः किसान आंदोलन को ख़त्म कराने के लिए मोदी सरकार कैसे-कैसे कर रही है प्रयास?
Feb ०८, २०२१ १५:०२सितम्बर 2020 में मोदी सरकार ने कृषि सुधारों के नाम पर तीन विवादित बिल संसद से पारित करवाए, जिसका देश के किसान संगठन और विपक्ष पहले से ही विरोध कर रहे थे। बिलों के पारित होने से नाराज़, पंजाब और हरियाणा के किसान कई जगहों पर धरने पर बैठ गए। विवादित तीनों क़ानूनों को रद्द करवाने के लिए किसान संगठनों ने अपने विरोध को तेज़ करने का फ़ैसला किया और 25 नवम्बर 2020 को उन्होंने अपना धरना स्थल दिल्ली चलो नारे के साथ दिल्ली की चारों सीमाओं ग़ाज़ीपुर, सिंघू, टिकरी और शाजहांपूर पर स्थानांतरित कर दिया।
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वीडियो रिपोर्टः जानें जब फ़िलिस्तीनी राष्ट्र को सऊदी अरब और मिस्र जैसे देशों ने मझधार में छोड़ा था तब किसने थामा था उसका हाथ
Feb ०८, २०२१ १२:५३ईरान की इस्लामी क्रांति की सफलता के उपलक्ष्य में "प्रतिरोध और वैज्ञानिक प्रगति के मार्ग में बयालिय साल" शीर्षक के अन्तर्गत सीरिया में एक कांफ्रेंस का आयोजन किया गया। इस्लामी क्रांति का संदेश, हमेशा ही राष्ट्रों का सम्मान और क्षेत्रीय राष्ट्रों का स्वावलंबन रहा है ...... इस सम्मेलन में वक्ताओं ने फरवरी 1979 में ईरान की इस्लामी क्रांति की सफलता को इतिहास का अहम मोड़ बताया , इस्लामी ईरान, ज़ायोनिज़्म तथा विस्तारवाद के मुक़ाबले में प्रतिरोध की पाठशाला का संस्थापक है। इस विचारधारा के शेरों ने ...