ग़ज़्ज़ा में संघर्ष विराम के प्रस्ताव को अमरीका ने किया वीटो
अब यह बात सिद्ध हो चुकी है कि संयुक्त राज्य अमरीका, फ़िलिस्तीनियों के विरुद्ध अपराधों में ज़ायोनियों के साथ सहयोग कर रहा है।
संयुक्त अरब इमारात की ओर से ग़ज़्ज़ा में संघर्ष विराम के प्रस्ताव को अमरीका ने वीटो कर दिया है।
ग़ज़्ज़ा में तत्काल युद्ध रोकने के उद्देश्य से शुक्रवार की शाम यूएई ने राष्ट्रसंघ की सुरक्षा परिषद में प्रस्ताव पेश किया था जिसपर 17 देशों ने सहमति जताई थी किंतु अमरीका ने उसको वीटो कर दिया। अमरीका की ओर से ग़ज़्ज़ा में संघर्ष विराम का विरोध एसी हालत में किया जा रहा है कि संयुक्त राष्ट्रसंघ के महासचिव स्वयं ग़ज़्ज़ा की स्थति को बहुत ही चिंताजनक बता चुके हैं। इस प्रस्ताव को तत्कालीन मानवीय युद्ध विराम की बात कही गई है।
आपातकालीन बैठक बुलाने के लिए राष्ट्रसंघ के महासचिव ने राष्ट्रसंघ के चार्टर के अनुच्छेद-99 का प्रयोग किया था। इस अनुच्छे का प्रयोग बहुत ही दुर्लभ देखा गया है। गुटेरस ने अपने कार्यकाल में इसका पहली बार प्रयोग किया है। अनुच्छे-99 का प्रयोग अबतक केवल 9 बार ही किया गया है। यूएन के चार्टर के अनुच्छेद-99 के आधार पर राष्ट्रसंघ के महासचिव हर उस विषय को सुरक्षा परिषद में पेश कर सकते हैं जिसके बारे में वे यह समझते हों कि अमुक विषय, अन्तर्राष्ट्रीय शांति एवं सुरक्षा के लिए ख़तरा हो सकता है।
यह अनुच्छेद महासचिव को अनुमति देता है कि जब वे देखें कि विश्व की शांति को किसी मुद्दे से गंभीर ख़तरा है तो वे सुरक्षा परिषद के सदस्यों की बैठक आहूत करके उनसे इसको तत्काल रोकने की मांग कर सकते हैं।
हमारा व्हाट्सएप ग्रुप ज्वाइन करने के लिए क्लिक कीजिए
हमारा टेलीग्राम चैनल ज्वाइन कीजिए