तेल अवीव की घटना, फ़िलिस्तीनियों के प्रतिरोध की सूचकः हिज़्बुल्लाह
लेबनान के इस्लमी प्रतिरोध संगठन हिज़्बुल्लाह ने अतिग्रहित फ़िलिस्तीन में तेल अवीव के केंद्र में फ़िलिस्तीनी संघर्षकर्ताओं की साहसी कार्यवाही की सराहना करते हुए कहा है कि फ़िलिस्तीनी राष्ट्र ने इस कार्यवाही से यह सिद्ध कर दिया है कि वह सभी अतिग्रहित क्षेत्रों की स्वतंत्रता के लिए प्रतिरोध को स्थायी विकल्प के रूप में देखता है।
हिज़्बुल्लाह ने गुरुवार को एक बयान जारी करके कहा है कि तेल अवीव में दो फ़िलिस्तीनी युवाओं की कार्यवाही ने दर्शा दिया है कि क्षेत्र व संसार में ज़ायोनियों व उनके समर्थकों के अत्याचार, दबाव और अतिक्रमण, फ़िलिस्तीनियों के संकल्प में तनिक भी डिगा नहीं सकते और उन्हें अपने अधिकारों, मातृभूमि व अतीत की अनदेखी करने पर विवश नहीं कर सकते। हिज़्बुल्लाह ने इस्राईल के मुक़ाबले में प्रतिरोध की उपलब्धियों व सफलताओं की सराहना करते हुए सभी अरब व इस्लामी राष्ट्रों और इसी प्रकार संसार के सभी स्वतंत्रता प्रेमियों से अपील की है कि वे प्रचारिक, राजनैतिक व अन्य सभी मार्गों से फ़िलिस्तीनी राष्ट्र का समर्थन करें ताकि वह अतिग्रहणकारियों से मुक्ति के अपने लक्ष्य को प्राप्त कर सके।
आले सऊद के पिट्ठू ने ज़ायोनियों से संवेदना जताई
सऊदी अरब के एक लेखक ने, जो इस देश के पत्रकार संघ का सदस्य भी है, तेल अवीव की कार्यवाही में मारे जाने वाले ज़ायोनियों के परिजनों से संवेदना जताई है।
दहाम बिन तरीफ़ अल अन्ज़ी ने, जो सऊदी अरब की राष्ट्रीय संवाद परिषद का भी सदस्य है, ट्वीटर पर फ़िलिस्तीनियों की इस कार्यवाही को, जिसमें चार ज़ायोनी मारे गए और 11 अन्य घायल हुए, एक आतंकी कार्यवाही बताया है। अन्ज़ी ने ज़ायोनियों से संवेदना जताते हुए कहा है कि फ़िलिस्तीनियों से हमारी हमदर्दी का अर्थ यह नहीं है कि हम निर्दोष लोगों की हत्या का समर्थन करें!!! (HN)