इराक़ में तुर्की के हस्तक्षेप का कोई औचित्य नहींः अलएबादी
इराक़ के प्रधानमंत्री ने कहा है कि इस देश के सुन्नी मुसलामनों के समर्थन के दावे के साथ इराक़ में तुर्की का सैन्य हस्तक्षेप एक झूठ के अलावा कुछ नहीं है।
हैदर अलएबादी ने मंगलवार की शाम राजधानी बग़दाद में एक पत्रकार सम्मेलन में कहा कि आश्चर्य की बात है कि कुछ लोग तुर्की में एकत्र होते हैं और यह देश इराक़ में अहले सुन्नत को बचाने के लिए सैन्य हस्तक्षेप करना चाहता है जबकि इराक़ी बल, अपने देश के सुन्नी मुसलमानों की रक्षा के लिए दाइश से लड़ रहे हैं। उन्होंने इस बात की ओर संकेत करते हुए कि ढाई साल से अधिक समय से दाइश इराक़ के शिया व सुन्नी मुसलमानों का जनसंहार करता रहा है और अन्कारा की ओर से आतंकियों से लड़ने के लिए बग़दाद की कोई सहायता नहीं की गई, कहा कि तुर्की सिर्फ़ इराक़ की समस्याएं बढ़ाना चाहता है।
इराक़ के प्रधानमंत्री ने इस बात का उल्लेख करते हुए कि बग़दाद न केवल यह कि अन्कारा से तनाव बढ़ाना नहीं चाहता बल्कि उसने तनाव कम करने के लिए प्रयास भी किए हैं, कहा कि इराक़ के ख़िलाफ़ तुर्की की धमकियां अब भी जारी हैं। हैदर अलएबादी ने इस बात की ओर संकेत करते हुए कि उनका देश कभी भी तुर्की के साथ युद्ध का इच्छुक नहीं रहा है, कहा कि इराक़ के आंतरिक मामलों में अन्कारा का हस्तक्षेप, क्षेत्र में युद्ध की आग को अधिक भड़का सकता है और तब तुर्की भी उस आग से सुरक्षित नहीं रहेगा। (HN)