हुदैदा बंदरगाह बंद करने के ख़िलाफ़ यमनी जनता की रैली शुरु
-
यमनी जनता सऊदी अतिक्रमण के ख़िलाफ़ प्रदर्शन करती रहती है
यमनी जनता ने देश पर अतिक्रमण करने वालों की ओर से हुदैदा बंदरगाह को बंद करने और यमनी राष्ट्र के जातीय सफ़ाये के ख़िलाफ़ रैली निकाली।
बुधवार को सनआ में संयुक्त राष्ट्र संघ के कार्यालय के सामने यमनी जनता ने प्रदर्शन किया।
अलमसीरा टीवी चैनल के अनुसार, प्रदर्शन में शामिल जनता ने सऊदी अरब की ओर से यमनी राष्ट्र को भुखमरी की ओर ढकेलने और उसके जातीय सफ़ाए की भर्त्सना की। इसी प्रकार यमनी जनता ने अतिक्रमणकारियों की पश्चिमी यमन में स्थित हुदैदा बंदरगाह को बंद करने की योजना का भी विरोध किया। बुधवार को शुरु हुयी इस रैली में शामिल लोग अगले 6 दिन में हुदैदा बंदरगाह पहुंचेंगे। रैली में शामिल लोगों के बयान में आया है, “अमरीका और ब्रिटेन, यमन पर अतिक्रमण करने वालों को प्रतिबंधित हथियार बेचकर यमनी राष्ट्र के जातीय सफ़ाये में सीधे तौर पर लिप्त हैं।”
यमनी जनता ने इसी प्रकार आर्थिक नाकाबंदी ख़त्म होने और सनआ एयरपोर्ट से वायु परिवहन का मार्ग खुलने की भी मांग की।
ग़ौरतलब है कि सऊदी अरब ने हुदैदा बंदरगाह के ज़रिए यमन में हथियारों की तस्करी के बहाने इस क्षेत्र को सैन्य क्षेत्र घोषित कर दिया और वह इस बंदरगाह को बंद करना चाहता है। हुदैदा यमन की सबसे अहम बंदरगाह है जहां से यमनी जनता की ज़रूरत की 80 फ़ीसद दवाएं और खाद्य पदार्थ यमनी जनता तक पहुंचते हैं।
सऊदी अरब ने अमरीका के इशारे पर यमन के ख़िलाफ़ 26 मार्च 2015 से व्यापक जंग छेड़ रखी है। इस जंग के कारण 12000 से ज़्यादा बेगुनाह यमनी नागरिक हताहत हुए हैं। इसी प्रकार सऊदी अरब की बम्बारी में यमन के 80 फ़ीसद से ज़्यादा मूल ढांचे तबाह हो चुके हैं। (MAQ/N)