सऊदी अरब और इमारात के ख़िलाफ़ तुर्क राष्ट्रपति का फ़तवा
तुर्क राष्ट्रपति रजब तैय्यब अर्दोगान ने सऊदी अरब द्वारा क़तर के बहिष्कार और उसके ख़िलाफ़ प्रतिबंधों को इस्लाम विरोधी एवं अमानवीय बताया है।
मंगलवार को तुर्क सांसदों को संबोधित करते हुए तुर्क राष्ट्रपति अर्दोगान ने कहा कि क़तर ने तुर्की के साथ मिलकर दाइश समेत आतंकवादी गुटों के ख़िलाफ़ निर्णायक भूमिका निभाई है।
ग़ौरतलब है कि ईरान के समर्थन का आरोप लगाते हुए पिछले हफ़्ते सऊदी अरब, संयुक्त अरब इमारात, बहरैन, मिस्र और कुछ अन्य देशों ने क़तर के साथ हर तरह के संबंध तोड़ने का एलान किया था।
अर्दोगान का कहना था कि ऐसा लगता है कि कुछ मुट्ठी भर देशों ने क़तर को फांसी के फंदे पर चढ़ाने का मन बना लिया है।
तुर्क राष्ट्रपति ने सऊदी किंग सलमान से मांग करते हुए कहा कि वे फ़ार्स खाड़ी देशों के नेता के रूप में इस संकट के समाधान के लिए आगे आएं।
अर्दोगान का कहना था कि क़तर का हुक्क़ा पानी बंद करना एक भयानक त्रासदी है। किसी राष्ट्र का हर क्षेत्र में बहिष्कार करना इस्लामी मूल्यों के विरुद्ध है। यह बिल्कुल इसी तरह से है कि जैसे क़तर को फांसी पर चढ़ाने की सज़ा दी गई हो। msm