सऊदी अरब के पाश्विक हमलों में 18 यमनी मारे गये
संयुक्त राष्ट्रसंघ की सुरक्षा परिषद की निष्क्रियता व ढ़िलाई के कारण सऊदी अरब पूरे दुस्साहस के साथ यमनी जनता के खिलाफ अपने अपराधों को जारी रखे हुए है
सऊदी युद्धक विमानों ने यमन के अलअक़ीक़ क्षेत्र पर जो ताज़ा हमला किया है उसमें महिलाओं और बच्चों सहित 18 लोग मारे गये।
मरने वालों में कुछ राहतकर्मी भी शामिल हैं। इस संबंध में राष्ट्रसंघ की विशेषज्ञ कमेटी ने सुरक्षा परिषद में एक रिपोर्ट भेजी है और उसमें कहा है कि सऊदी गठबंधन के हमलों के कारण यमन की आधारभूत संरचायें पूरी तरह तबाह हो चुकी हैं। इसी तरह इस कमेटी ने यमन में अभूतपूर्व मानवीय संकट के दुष्परिणों के प्रति चेतावनी दी है।
राष्ट्रसंघ की विशेषज्ञ कमेटी की रिपोर्ट ऐसी स्थिति में सुरक्षा परिषद में भेजी गयी है जब सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव का लाभ उठाकर और संयुक्त राष्ट्र संघ की ढ़िलाई के कारण यमन में सऊदी गठबंध के अपराध यथावत जारी हैं।
वास्तव में संयुक्त राष्ट्रसंघ की सुरक्षा परिषद ने कमज़ोर दृष्टिकोणों व अस्पष्ट प्रस्तावों के माध्यमों से सऊदी गठबंधन के अपराधों को जारी रहने के लिए आवश्यक अवसर दे दिया है और यमन को विषम स्थिति में डाल दिया है।
सऊदी अरब राष्ट्रसंघ को जो विशिष्टताएं देता है वह इस बात का कारण बना है कि यमन में किये जाने वाले उसके बहुत से अपराध प्रकाश में ही नहीं आ पाते हैं और यह किसी प्रकार के संकोच के बिना यमन में सऊदी अपराधों के पूरी गति से जारी रहने का यह एक अन्य कारण है।
बहरहाल संयुक्त राष्ट्रसंघ की सुरक्षा परिषद की निष्क्रियता व ढ़िलाई के कारण सऊदी अरब पूरे दुस्साहस के साथ यमनी जनता के खिलाफ अपने अपराधों को जारी रखे हुए है। MM