यमनियों पर शांति को बलपूर्वक नहीं थोपी जा सकताः अंसारुल्लाह
यमन के अंसारुल्लाह आन्दोलन के एक सदस्य ने कहा है कि अतिक्रमणकारी सऊदी गठबंधन से मुक़ाबले की क्षमता रखने वाले यमनवासियों पर शांति को बलपूर्वक नहीं थोपा जा सकता।
यमन के अंसारुल्लाह आन्दोलन का मानना है कि यमनवासियों पर किसी भी ढंग से शांति को थोपा नहीं जा सकता। यमन के अंसारुल्लाह आन्दोलन के एक सदस्य "इब्राहीम अद्दुलैमी" का कहना है कि अलहुदैदा बंदरगाह को विदेशियों के हवाले करना स्वीडन समझौते के विरुद्ध है। उन्होंने कहा कि यमनवासियों के विरुद्ध वाकयुद्ध और हमले एसी हालत में बढ़ाए जा रहे हैं कि जब सब लोग इस बात के साक्षी हैं कि सनआ आने वाले शिष्टमण्डल को कई प्रकार की विशिष्ताएं दी जा चुकी हैं।
ज्ञात रहे कि इससे पहले संयुक्त अरब इमारात की ओर से दावा किया गया था कि यमन की अलहुदैदा बंदरगाह पर सऊदी गठबंधन के हालिया हमले का उद्देश्य यहा से अंसारुल्लाह को निकालना और कूटनीतिक समाधान के लिए कोई मार्ग ढूंढना है।