भारी विरोध के मध्य ट्रम्प ने किया सेंचुरी डील का एलान!
अमरीकी राष्ट्रपति ने इस्राईल के लिए तैयार की गयी " सेंचुरी डील " का एक तरफा तौर पर एलान कर दिया है।
अमरीकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने मंगलवार को वाइट हाउस में ज़ायोनी प्रधानमंत्री नेतेन्याहू की उपस्थिति में सेंचुरी डील का एलान करते हुए इसे इस्राईल के लिए शांति की दिशा में एक क़दम बताया है।
ट्रम्प द्वारा सेंचुरी डील के एलान के बाद बहुत से इस्लामी देशों और सभी फिलिस्तीनी नेताओं ने पहले ही ट्रम्प की सेंचुरी डील का विरोध की घोषणा कर दी है।
फिलिस्तीनी प्रमुख महमूद अब्बास ने विरोध जताते हुए, टेलीफोनी वार्ता की ट्रम्प की मांग को अस्वीकार कर दिया और कहा है कि वह कदापि एेसी किसी डील को स्वीकार नहीं करेंगे जिसमें बैतुलमुक़द्दस की राजधानी के साथ फिलिस्तीनी देश के गठन जैसी फिलिस्तीनियों की मांगों को जगह न दी गयी हो।
पीएलओ की कार्यकरिणी के सदस्य एज़ामुल अहमद ने भी इस अमरीकी व इस्राईली योजना की विफलता पर बल देते हुए कहा कि अब समय आ गया है कि पीएलओ, इस्राईल के साथ हुए अपने सभी समझौतों को रद्द कर दे।
यूरोप में अमरीका के पारंपारिक घटक, ब्रिटेन ने अभी तक सेंचुरी डील पर चुप्पी साध रखी है जबकि युरोपीय संघ के एक अधिकारी ने यूरो न्यूज़ से एक वार्ता में कहा है कि युरोप किसी भी एसी योजना को स्वीकार नहीं करेगा जो फिलिस्तीनी व इस्राईल के मध्य वार्ता की प्रक्रिया के नुक़सान पहुंचाए और जिस में अवैध कॅालोनियों के निर्माण और अंतरराष्ट्रीय नियमों के उल्लंघन की बात की गयी हो।
वॅाल स्ट्रीट जरनल ने जानकार सूत्रों के हवाले से लिखा है कि ट्रम्प की सेंचुरी डील, पूरी तरह से इस्राईल के हित में है। लिब्रास्यून समाचार पत्र ने भी सेंचुरी डील को, सदी की विफलता की संज्ञा दी है और लंदन से प्रकाशित होने वाले समाचार पत्र अश्शरुकुल अवसत ने ट्रम्प द्वारा सेंचुरी डील की घोषणा को दिखावटी लेकिन खतरनाक क़दम बताया है। रूसी विदेशमंत्री सरगई लावरोव ने कहा है कि यह कोई साधारण संकट नहीं है जिसे एक पक्षीय रूप से खत्म किया जा सके।
इस्राईली प्रधानमंत्री बुधवार को मास्को की यात्रा करने वाले हैं ताकि सेंचुरी डील के बारे में रूस के विचार बदल सकें। Q.A.