अमरीकी कांग्रेस ने ओबामा के वीटो को निरस्त किया
अमरीकी कांग्रेस ने सऊदी अरब के खिलाफ नाइन एलेवन के प्रभावितों को मुक़द्दमा दायर करने का अधिकार देने वाले विधेयक पर ओबामा के वीटो को निरस्त कर दिया है।
अमरीकी कांग्रेस ने नाइन एलेवन के प्रभावितों को सऊदी अरब के खिलाफ शिकायत करने और उससे हर्जाना मांगने का अधिकार देने वाले विधेयक को पारित कर दिया था किंतु अमरीकी राष्ट्रपति ने अपने विशेषाधिकार को प्रयोग करते हुए इस विधेयक पर दस्तखत करने के बजाए उसे वीटो कर दिया था लेकिन अब फिर से अमरीकी कांग्रेस में हुए मतदान में 74 मतों के मुक़ाबले में 338 मतों से ओबामा के वीटो को ही निरस्त कर दिया गया है।
इस से पहले अमरीकी सेनेट ने भी एक मत के मुक़ाबले में 97 मतों से अमरीकी राष्ट्रपति ओबामा के वीटो को निरस्त कर दिया था।
याद रहे अमरीकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने 11 सितम्बर 2001 में हुए आतकंवादी हमलों के पीड़ितों के परिजनों को सऊदी अरब सरकार पर मुक़दमा करने की इजाज़त देने वाले विधेयक ‘आतंकवादी गतिविधियों के प्रायोजकों के ख़िलाफ़ न्याय’ या जे.ए.एस.टी.ए को वीटो कर दिया था।
अमरीकी सेनेट ने यह बिल मई में पारित किया था, जबकि कांग्रेस ने इसे नाइन इलेवन हमलों की 15वीं वर्षगांठ से ठीक पहले पारित किया था।
सऊदी अरब के विदेश मंत्री ने ओबामा प्रशासन को धमकी दी थी कि अगर इस विधेयक को वीटो नहीं किया गया तो रियाज़ अमरीका से अपना निवेश वापस कर लेगा।
ओबामा ने इस विधेयक को वीटो करते हुए कहा कि वह हमले के पीड़ित परिवारों के लिए गहरी संवेदना रखते हैं लेकिन ये कानून अमरीका के राष्ट्रीय हितों के लिए नुक़सानदेह होगा।
ओबामा के वीटो को अब कांग्रेस ने दोबारा मतदान करके निरस्त कर दिया है।
11 सितम्बर 2001 को न्यूयॉर्क में वर्ल्ड ट्रेड सैंटर और वाशिंगटन में पेंटागन की इमारत पर हमलों के लिए विमानों को मिसाइल के रूप में प्रयोग करने वाले 19 हमलावरों में से 15 सऊदी अरब के और 2 संयुक्त अरब इमारात के थे। (Q.A.)