सीरिया में संघर्ष विराम को और मज़बूत बनाया जाए,
रूस के राष्ट्रपति व्लादमीर पूतिन ने ज़ोर दिया है कि सीरिया में जारी कमज़ोर संघर्ष विराम मज़बूत बनाया जाए क्योंकि बुधवार से अस्ताना में सीरियाई सरकार और विरोधियों के बीच वार्ता का नया दौर शुरू होने जा रहा है।
पूतिन ने सूशी शहर में जर्मन चांसलर एंगेला मर्केल के साथ संयुक्त संवाददाता सम्मेलन में कहा कि हम यह समझते हैं कि वर्तमान संघर्ष विराम का माहौल और भी मज़बून होना चाहिए। पूतिन ने कहा कि हमारी ज़िम्मेदारी यह है कि लड़ाई समाप्त करवाने के लिए अनुकूल माहौल बनाएं और सभी पक्षों के बीच राजनैतिक सहयोग की भूमि समतल करें।
सीरिया की सैनिक छावनी पर अमरीका के मिसाइल हमले के बाद अस्ताना में दोनों पक्षों के बीच यह पहली वार्ता होगी जिसकी निगरानी रूस, ईरान और तुर्की करेंगे।
क़ज़ाख़िस्तान के विदेश मंत्रालय ने बताया है कि मंगलवार को विरोधी संगठनों का प्रतिनिधिमंडल अस्ताना पहुंच गया है जो वार्ता में भाग लेगा।
इससे पहले अस्ताना में दोनों पक्षों के बीच वार्ता के तीन दौर हो चुके हैं लेकिन सीरिया संकट के समाधान की दिशा में कोई विशेष प्रगति नहीं हो पाई।
विरोधी संगठनों की ओर से लगभग वही वार्ताकार अस्ताना गए हैं जो इससे पहले की वार्ताओं में मौजूद थे। सीरियाई सरकार के प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व भी पहले की तरह इस बार भी संयुक्त राष्ट्र संघ में सीरिया के राजदूत बश्शार जाफ़री करेंगे।
अस्ताना वार्ता में अमरीका पर्यवेक्षक के रूप में भाग लेगा जबकि संयुक्त राष्ट्र संघ की ओर से स्टीफ़न दी मिस्तूरा वार्ता में शामिल रहेंगे।