इस्राईल के विरोधियों को सबक़ सिखाएंगेः अमरीका
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अमरीकी विदेश मंत्रालय के एक अधिकारी ने कहा है कि बैतुल मुक़द्दस के मामले में जिन देशों ने अमरीका का विरोध किया है उनको सबक़ सिखाया जाएगा।
(last modified 2023-04-09T02:55:50+00:00 )
Dec २५, २०१७ ०४:४१ Asia/Kolkata
  • इस्राईल के विरोधियों को सबक़ सिखाएंगेः अमरीका

अमरीकी विदेश मंत्रालय के एक अधिकारी ने कहा है कि बैतुल मुक़द्दस के मामले में जिन देशों ने अमरीका का विरोध किया है उनको सबक़ सिखाया जाएगा।

अमरीकी विदेश मंत्रालय के अधिकारी Julia Mason जूलिया मैसन ने कहा है कि बैतुल मुक़द्दस के बारे में राष्ट्रसंघ की सुरक्षा परिषद में जिन देशों ने अमरीका के विरुद्ध मतदान किया था उनकी आर्थिक सहायता रोकी जाएगी।  उन्होंने अपने एक साक्षात्कार में कहा है कि अमरीकी प्रस्ताव का विरोध करने वालों की सहायता रोकी जाएगी।

जूलिया मैसन ने कहा कि राष्ट्रपति ट्रम्प की एक टीम ने एेसे देशों के विरुद्ध विकल्पों के बारे में सोंच लिया है जिन्होंने सुरक्षा परिषद में अमरीकी प्रस्ताव के विरोध में मतदान किया था।

उल्लेखनीय है कि अमरीकी राष्ट्रपति ट्रम्प ने 6 दिसंबर 2017 को औपचारिक रूप में घोषणा की थी कि वे अमरीकी दूतावास को तेलअवीव से बैतुल मुक़द्दस ले जाने वाले हैं।  उनके इस फैसले का पूरी दुनिया में विरोध किया गया था।  बाद में संयुक्त राष्ट्र संघ की महासभा की बैठक अमरीकी शहर न्यूयार्क स्थित मुख्यालय में आयोजित हुई जिसमें अमरीका की ओर से अवैध अधिकृत बैतुल मुक़द्दस को इस्राईल की राजधानी स्वीकार करने के विषय पर चर्चा की गई।  इस बैठक के दौरान तुर्की ने अमरीकी फ़ैसले के विरुद्ध प्रस्ताव पेश किया जिसे सदस्य देशों ने बहुमत से पास कर दिया। इस प्रस्ताव के पक्ष में 128 और विरोध में केवल 9 वोट पड़े। 35 देशों ने मतदान में भाग ही नहीं लिया।

संयुक्त राष्ट्रसंघ की महासभा में कराए गए मतदान से पहले अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प ने घोषणा की थी कि बैतुल मुक़द्दस पर हमारे फ़ैसले के विरुद्ध प्रस्ताव में भाग लेने वले देशों की सहायता बंद कर दी जाएगी किन्तु इस धमकी के बावजूद दुनिया के अधिकतर देशों ने इस प्रस्ताव का समर्थन करते हुए अमरीकी फ़ैसले का खुल्लम खुल्ला विरोध किया।