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ज़ालिम पर कभी भरोसा नहीं करना चाहिए, कुछ इस्लामी ताक़तों की आज की दुर्दशा अत्याचारी ताक़तों से उनके ख़ौफ़ का नतीजा है
Apr २५, २०२० १९:४९ईरान की इस्लामी क्रान्ति के वरिष्ठ नेता ने कहा कि ज़ालिम इंसान पर कभी भरोसा नहीं करना चहिए क्योंकि इसका नतीजा वही होता है जो आज हम देख रहे हैं।
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समाज से ग़रीबी मिटाने के लिए इस्लाम का मूलमंत्र, सब मिलकर एक साथ संघर्ष शुरू करें! ग़रीबी मिटाने के अभियान में हर इंसान का शामिल होना ज़रूरी है!
Apr २३, २०२० १०:१४ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्लाहिल उज़्मा ख़ामेनई कहते हैं कि धर्म को नज़रअंदाज़ करने की एक निशानी यह है कि इंसान ग़रीबों और वंचितों की ग़ुरबत देखे लेकिन उस पर कोई ध्यान न दे, अपनी किसी ज़िम्मेदारी का एहसास न करे।
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नया सवेराः आम लोगों विशेषकर ईसाइयों को इस्लाम इसलिए आकर्षित करता है क्योंकि उसमें एकेश्वरवाद की बात को बहुत ही स्पष्ट ढंग से पेश किया गया है
Mar २८, २०२० १४:२१जब सोवियत संघ का विघटन हुआ तो उसके बाद वहां पर विभिन्न धर्मों के रहने वालों ने अपने धर्म के अनुरूप कार्य करने आरंभ कर दिये। रूस में सबसे ज़्यादा आर्थोडाक्स ईसाई रहते हैं।
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क़ुरआनी क़िस्सेः वह बड़ी घटना जिसके बाद इस्लाम में शराब और जुए को हराम घोषित कर दिया गया!
Mar ११, २०२० १६:५४जिन चीज़ों के प्रयोग को इस्लाम में हराम बताया गया है उनमें से एक, शराब भी है। शराब के अतिरिक्त भी कई चीज़ें हराम हैं किंतु यहां पर हम बात शराब और जुए के हराम होने के बारे में करेंगे।
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नया सवेराः जीना कोलर का कहना है कि इस्लाम अपनाने से पहले मेरा जीवन लक्ष्यहीन हो चुका था
Mar ११, २०२० १२:२०अमरीका के कैलिफ़ोर्निया राज्य की निवासी Gina Kollar जीना कोलर का कहना है कि इस्लाम ने मुझको नया जीवन प्रदान किया है।
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नया सवेराः रूसी युवती Ekaterina Morozova केट्रीना मोरोज़ोवा का कहना है कि मुसलमान होने के बाद मुझको एसा लगा जैसे मैं वर्षों से इस्लाम को पहचानती हूं
Mar ०७, २०२० १४:१९"केट्रीना मोरोज़ोवा" का कहना है कि इस्लाम एक परिपूर्ण धर्म है। इसमें मानव को परिपूर्ण बनाने के लिए बहुत सी शिक्षाएं दी गई हैं। इस्लाम की एक विशेषता यह है कि वह महिला को पूरा सम्मान देता है जो किसी अन्य धर्म में नहीं दिखाई देता।
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नया सवेराः क़ुरआन ने जिन ग़ैर मुसलमानों को अपनी ओर आकृष्ट किया है उनमें एक ब्रिटेन की Myriam Francois-cerrah हैं
Feb २९, २०२० ११:५१मरयम कहती हैं कि इस्लाम, हमारे भीतर की अच्छाइयों की पुष्टि करता है और इसी प्रकार वह मनुष्य के भीतर सुधार और बुराइयों को दूर करने में सहायता करता है।
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क़ुरआनी क़िस्सेः सूरे बक़रा की आयत संख्या 207 एक महान बलिदान की बात करती है जिसमें एक इंसान ने दूसरे इंसान के लिए अपनी जान की बाज़ी लगा दी!
Feb २७, २०२० १४:०३हम ऐसी घटना का ज़िक्र करने जा रहे हैं जो इस्लामी कैलेण्डर का आरंभिक बिंदु भी है और एक एतिहासिक बलिदान की महान गाथा भी। बलिदान एक भावना है। यह ऐसी सकारात्मक भावना है जो हर स्थिति में प्रशंसनीय है।
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क़ुरआनी क़िस्सेः समय बीतने के साथ ही साथ सारे रंग फीके पड़ जाते हैं और उनका अंत हो जाता हैं सिवाए ईश्वरीय रंग के जो स्थायी और अनमिट है।
Feb २५, २०२० १५:३९सूरए बक़रा एसा सूरा है जिसमें विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई है। बक़रा की जिस आयत की हम चर्चा करने जा रहे हैं उसमें ईश्वरीय रंग के बारे में चर्चा की गई है।
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क़ुरआन ईश्वरीय चमत्कार-778
Feb २३, २०२० १४:२६क़ुरआन ईश्वरीय चमत्कार-778