अपराधी और डाकू, अन्तर्राष्ट्रीय सुरक्षा के ध्वजवाहक बने हुए हैंःनासिर कनआनी
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ब्लिंकन और नेतनयाहू के बयानों पर ईरान की ओर से कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की गई है।
(last modified 2023-04-09T02:55:50+00:00 )
Jan ३१, २०२३ १३:५० Asia/Kolkata
  • अपराधी और डाकू, अन्तर्राष्ट्रीय सुरक्षा के ध्वजवाहक बने हुए हैंःनासिर कनआनी

ब्लिंकन और नेतनयाहू के बयानों पर ईरान की ओर से कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त की गई है।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि यह बहुत ही हास्यास्पद किंतु सच है कि अपराधी और डाकू, अन्तर्राष्ट्रीय सुरक्षा के ध्वजवाहक बने हुए हैं। नासिर कनआनी चाफ़ी ने ईरान के बारे में अमरीकी विदेशमंत्री और अवैध ज़ायोनी शासन के प्रधानमंत्री के बयान पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए यह बात कही। 

उन्होंने ट्वीट किया कि संसार में सबसे पहले परमाणु बम का प्रयोग करने वाले देश के विदेशमंत्री और परमाणु निरीक्षण से दूर परमाणु शस्त्रागार के स्वामी शासन के प्रधानमंत्री बैठकर एनपीटी के एक सदस्य देश ईरान के तथाकथित परमाणु ख़तरे की बात करते हैं।  उन्होंने कहा कि यह वास्तव में हास्यास्पद है। 

ज़ायोनी शासन की यात्रा के दौरान अमरीका के विदेशमंत्री एंटनी ब्लिंकन ने वहां के प्रधानमंत्री, विदेशमंत्री और राष्ट्रप्रमुख के साथ अलग-अलग भेंटवार्ताएं कीं।  नेतनयाहू के साथ संयुक्त स्वाददाता सम्मेलन में अमरीकी विदेशमंत्री ने कहा कि अमरीका, इस्राईल और इस्राईलियों की सुरक्षा के लिए कटिबद्ध है।  उन्होंने कहा कि यह कटिबद्धता कभी भी बदलने वाली नहीं है। 

अमरीका और ज़ायोनी शासन के नेतृत्व में पश्चिमी सरकारें हालिया वर्षों के दौरान ईरान पर आरोप लगाती आ रही है कि तेहरान का परमाणु कार्यक्रम सैन्य लक्ष्यों की ओर है।  ईरान ने इस दावे का कड़ाई से खण्डन किया है।  ईरान का कहना है कि एनपीटी पर हस्ताक्षर करने और अन्तर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेन्सी आईएईस के सदस्य देश होने के नाते उसको शांतिपूर्ण उद्देश्यों के लिए परमाणु तकनीक रखने का अधिकार है। 

अन्तर्राष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेन्सी आईएईस अबतक कई बार ईरान के परमाणु प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर चुकी है।  उसके पास कोई एसा प्रमाण नहीं है जो सिद्ध करता हो कि ईरान का परमाणु कार्यक्रम सैन्य लक्ष्यों की ओर उन्मुख हुआ है।  विशेष बात यह है कि मध्यपूर्व में ज़ायोनी शासन ही एसा शासन है जो अमरीका के समर्थन के कारण अपने परमाणु हथियारों को अन्तर्राष्ट्रीय निरीक्षण से अलग रखे हुए है।

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